ज्ञानपुर। जिले के 12 पीसीएफ के गेहूं खरीद केंद्रों पर दो दिनों से खरीद ठप हो गई है। इससे केंद्रों पर पहुंच रहे किसानों को बैरंग लौटना पड़ रहा है। पीसीएफ पर खरीद न होने से विपणन के केंद्रों पर दबाव बढ़ गया है। क्रय केंद्रों पर किसानों की भीड़ दिख रही है। सोमवार को दो केंद्रों का निरीक्षण करने के बाद विपणन अधिकारी श्याम मिश्र ने कहा कि सुधार नहीं हुआ तो पीसीएफ के प्रबंधक के खिलाफ उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा जाएगा।
शासन और प्रशासन जहां किसानों से गेहूं खरीद को लेकर संजीदा हैं, वहीं क्रय केंद्र प्रभारियों की मनमानी से किसानों की मुश्किलें बढ़ गईं हैं। अपेक्षाकृत कम लक्ष्य होने के कारण गेहूं खरीद अधिक होने का अनुमान है, लेकिन भंडारण क्षमता की कमी ने गेहूं खरीद की रफ्तार धीमी कर दी है। यही वजह है कि जिले के 12 पीसीएफ के केंद्रो पर गेहूं खरीद ठप हो गई है। इससे किसानों को क्रय केंद्रों से खाली हाथ लौटना पड़ रहा है। किसानों की शिकायत पर सोमवार को जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी श्याम मिश्र ने सुरियावां के पीसीएफ और विपणन केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान पीसीएफ केंद्र बंद मिला तो विपणन पर किसानों की भीड़ दिखी। उन्होंने कहा कि पीसीएफ के केंद्र प्रभारी खरीद में लापरवाही बरत रहे हैं, जिससे किसानों को केंद्र से बैरंग लौटना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि दो दिन में खरीद शुरू नहीं हुई तो उच्चाधिकारियों को पत्र लिखेंगे। उन्होंने कहा कि 13 हजार 500 एमटी के सापेक्ष अब तक 10 हजार एमटी गेहूं खरीद हो चुकी है। 30 जून तक लक्ष्य से काफी अधिक खरीद होगी। उन्होंने कहा कि गेहूं खरीद के लिए 23 केंद्र खोले गए हैं। जिसमें पीसीएफ के 12, विपणन के पांच, छह शिवाय साधन सहकारी समिति के क्रय केंद्र शामिल हैं।