वाराणसी। गरीबाें, असहायाें और जरूरतमंदों की सेवा करने के साथ ही काशी भ्रमण के उद्देश्य से यहां आया फ्रांसीसी नागरिकों का छह सदस्यीय दल चंद असामाजिक तत्वों की करतूत से आहत होकर सोमवार को वापस लौट गया। मिर्जापुर के लखनिया दरी में रविवार को हुई छेड़खानी, मारपीट और बदसलूकी की घटना को फ्रांसीसी नागरिकों ने कभी न भूल सकने वाला भयावह पल बताया। कहा कि अब दोबारा यहां आने के लिए सिरे से सोचना होगा। विदेशी पर्यटकों की सुरक्षा के लिए भारत सरकार को पुख्ता व्यवस्था करनी चाहिए।
फ्रांस निवासी सामाजिक कार्यकर्ता जोंपियर के साथ यहां उनका एक पुरुष और चार महिला मित्र आए हुए थे। यह छह सदस्यीय दल बीते 25 नवंबर को यहां पहुंचा था। शिवाला स्थित एक गेस्ट हाउस में सभी ठहरे थे। रविवार को फ्रांसीसी दल शिवाला के ही अपने परिचित नितिन डे और उनकी तीन भतीजियों के साथ पिकनिक मनाने मिर्जापुर जिले के अहरौरा थाना अंतर्गत लखनिया दरी जल प्रपात पहुंचे।
शाम करीब चार बजे सभी बैठकर भोजन कर रहे थे, तभी दो वहां आए दो युवक एक फ्रांसीसी युवती पर छींटाकशी करने लगे। नितिन ने दोनों को डांटकर भगाया। थोड़ी ही देर में 10 से 12 की संख्या में युवक मौके पर आए। उन्होंने फ्रांसीसी युवतियों से छेड़खानी के साथ ही विरोध करने वालों से डंडे व कोल्डड्रिंक की बोतल से मारपीट शुरू कर दी। इसी दौरान दो युवक एक फ्रांसीसी युवती को पकड़ कर खींचने लगे। इस पर नितिन की तीनों भतीजियां उनसे भिड़ गईं। तब तक वहां मौजूद लोग भी उनकी मदद में आ गए और दोनों युवकों को पकड़ कर सौ नंबर पर पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनोें युवकाें को हिरासत में ले लिया। मारपीट में नितिन के अलावा उनकी भतीजी रिया दत्ता, मिली दत्ता व तान्या दत्ता को चोट आई।
इधर, घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और प्रशासन में खलबली मच गई। एडीजी जोन बी महापात्रा के निर्देश पर सोमवार को एसपी सिटी दिनेश कुमार सिंह फ्रांसीसी नागरिकों से मुलाकात करने शिवाला स्थित गेस्ट हाउस पहुंचे। यहां जोपिंयर ने एसपी सिटी को बताया कि लखनिया दरी में इलाकाई लोगों ने उनकी मदद की। सूचना पर पुलिस आई तो उसने भी सहायता की। इसके लिए उन्हाेंने सभी का शुक्रिया अदा किया। बताया कि वो और उनके साथी शाम को शिवगंगा एक्सप्रेस से दिल्ली जाएंगे और वहां से फ्रांस लौट जाएंगे। एसपी सिटी ने फ्रांसीसी नागरिकों को गेस्ट हाउस से मंडुवाडीह रेलवे स्टेशन तक सुरक्षित पहुंचाने के लिए एक दरोगा और दो कांस्टेबल की तैनाती की।