वाराणसी। काशी विद्यापीठ में धांधली के चलते दोबारा कराई जा रहीं तीन विषयों की प्रवेश परीक्षा में भी गड़बड़ियां रुकने का नाम नहीं ले रहीं। एक दिन पहले एलएलबी की प्रवेश परीक्षा का पर्चा आउट होने के बाद सोमवार को पीजी डिप्लोमा इन नैचुरोपैथी एंड योगा की प्रवेश परीक्षा में दो दंपति ओएमआर शीट बदले पकड़े गए। विश्वविद्यालय प्रशासन ने चारों की प्रवेश परीक्षा निरस्त कर दी है।
सोमवार को काशी विद्यापीठ के सामाजिक विज्ञान संकाय में सुबह 10 बजे से पीजी डिप्लोमी इन नैचुरोपैथी एंड योगा की प्रवेश परीक्षा आयोजित थी। इसमें कुल 582 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। परीक्षा केंद्र के एक ही कमरे में दो दंपति भी परीक्षा दे रहे थे। इन चारों के रोल नंबर का क्रम ठीक आगे-पीछे था। परीक्षा शुरू हुए करीब 45 मिनट हुए थे कि भजन लाल यादव और सरिता ने एक-दूसरे से ओएमआर शीट बदलने लगे, जिन्हें कक्ष निरीक्षक ने पकड़ जांच की गई तो पता चला कि दोनों पति-पत्नी हैं। उनके पीछे बैठे पति-पत्नी सुजीत कुमार यादव और सुनीता को भी ओएमआर शीट बदलने की कोशिश में पकड़ा गया। केंद्राध्यक्ष ने इसकी सूचना विश्वविद्यालय प्रशासन को दी। कुछ देर बाद चीफ प्राक्टर प्रो. शंभुनाथ उपाध्याय पहुंचे और चारों को कमरे से बाहर लाया गया। फिर पूछताछ के बाद चारों को छोड़ दिया गया।
सवाल ये उठता है कि भजन लाल यादव का नाम ‘बी’ से और सरिता का नाम ‘एस’ से शुरू होता है। ऐसे में दोनों को एक क्रम में रोल नंबर कैसे एलॉट कर दिए गए। इस मामले में रजिस्ट्रार ओमप्रकाश का कहना है कि रोल नंबर के एलॉटमेंट में कोई गड़बड़ी नहीं हुई है। हो सकता है कि उन्होंने फार्म एक साथ भरे हों, इसलिए एक क्रम में रोल नंबर एलॉट हो गया हो। उन्होंने बताया कि चारों की परीक्षा निरस्त कर दी गई है।