वाराणसी। नागरी नाटक मंडली परिवार की ओर से ग्रीष्मकालीन शिविर के प्रतिभागियों की दो दिवसीय प्रस्तुतियों के पहले दिन शनिवार को अभिनय, नृत्य और गायन की बेजोड़ प्रस्तुतियां हुईं। कथक नृत्य के अलावा ओडिसी और भरतनाट्यम की थिरकन यादगार बनीं तो ‘घोंघा वसंत’ नाटक का बाल कलाकारों ने मंचन कर वाहवाही बटोरी। यह कार्यक्रम मुरारी लाल मेहता प्रेक्षागृह में आयोजित किया गया था।
शाम करी 6:30 बजे जयवर्धन द्वारा रचित नाटक घोंघा वसंत का मंचन आरंभ हुआ। महीने भर अभिनय के गुर सीखने वाले बाल कलाकारों ने अपने भावों, संवाद संप्रेषण और पद विन्यास से हर किसी का ध्यान खींचा। इस नाटक का निर्देशन किया सुमन पाठक ने। इसके बाद ठुमरी गायिका सुचरिता गुप्ता द्वारा प्रशिक्षित प्रतिभाओं ने गायन पेश किया। तबले पर संगत की ललित कुमार ने। फिर कथक नर्तक विशाल कृष्ण, ओडिसी नृत्य प्रशिक्षक राहुल मुखर्जी, भरत नाट्यम प्रशिक्षिका दिव्या श्रीवास्तव के निर्देशन में बाल कलाकारों की थिरकन यादगार बन गई। इस मौके पर नागरी नाटक मंडली न्यास के अध्यक्ष डॉ. संजय मेहता, सचिव डॉ. अजीत सैगल, संयोजक डॉ. रति शंकर त्रिपाठी, अमिताभ भट्टाचार्य समेत तमाम लोग उपस्थित थे।