वाराणसी। महाशिवरात्रि पर्व पर शिव योग बन रहा है, जो एक दुर्लभ संयोग है। वहीं सोमवार का दिन होने के चलते इस बार इस व्रत का फल भी कई गुना बढ़ जाता है। ज्योतिषाचार्य पं. गणेश प्रसाद मिश्र ने बताया कि इस बार सोमवार को शिव योग के साथ पड़ने वाली शिवरात्रि पर दुर्लभ संयोग बना रही है। सोमवार का स्वामी चंद्रमा है। ज्योतिष शास्त्र में चंद्रमा को सोम कहा गया है। और भगवान शिव को सोमनाथ। इसलिए सोमवार के दिन भगवान शिव का गंध, पुष्प, धूप, दीप, नैवेद्य और विधिविधान से पूजन करने से शिवजी प्रसन्न होते हैं। चार मार्च को भोर में चार बजकर 11 मिनट से चतुर्दशी तिथि लग रही है जो मंगलवार पांच मार्च को सायं छह बजकर 18 मिनट तक रहेगी। इस व्रत को अर्धरात्रिव्यापिनी चतुर्दशी तिथि में किया जाता है। शिव योग सोमवार दिन को एक बजकर 43 मिनट से लग रहा है। यह कल्याणकारक और सफलतादायक योग बना रहा है।