वाराणसी। नववर्ष के प्रथम सोमवार को श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन के लिए भक्तों का तांता लगा रहा। मंगला आरती के समय से ही श्रद्धालु कतार में लग चुके थे। भक्तों की कतार सुबह 10 बजे तक गेट नंबर एक ढुंढिराज गणेश से होते हुये बांसफाटक से गोदौलिया से आगे दशाश्वमेघ तक पहुंच चुकी थी।
गेट नंबर दो सरस्वती फाटक से भक्तों की कतार त्रिपुराभैरवी के आगे जा पहुंची। भीड़ के चलते हजारों भक्तों को पांच से छह घंटे तक कतार में इंतजार के बाद दर्शन मिला। मंदिर में भक्तों की संख्या को देखते हुये जवानों को काफी मेहनत करनी पड़ी। मंदिर का पट बन्द होने तक लगभग 80 हजार लोगों ने मत्था टेका। वहीं दूसरी तरफ प्रशासन द्वारा मंगला आरती का अधिक टिकट काटने से दूर से आए भक्तों को दर्शन व आरती देखने में समस्या आई। मंगला आरती में लगभग एक हजार के आसपास टिकट कटा था। मंगला आरती में कतार बांसफाटक के पास पहुंच चुकी थी और आरती चालू होने के बाद तक टिकट धारी आते रहे । मंदिर में काफी भीड़ होने के चलते दर्शन में भी भक्तों को काफी समस्या आई ।कड़ाके की ठंड के बावजूद सुबह से ही मंदिरों में भक्तों का रेला उमड़ा रहा। दर्शन-पूजन का सिलसिला देर शाम तक जारी रहा। इसके बाद लोगों ने नए साल का जश्न भी धूमधाम से मनाया। सुबह संकटमोचन, दुर्गाकुंड, भैरवनाथ, जागेश्वर, तिलभांडेश्वर, सारंगनाथ आदि प्रमुख मंदिरों में भक्तों की भारी भीड़ रही। दर्शन-पूजन के बाद लोगों ने नए साल का जश्न मनाया। किसी ने होटल में पार्टी करके जश्न मनाया तो किसी ने अपने परिवार के साथ मॉल जाकर मस्ती की। सिनेमा हॉल के शो में भी लोगों की भारी भीड़ उमड़ी रही। गंगा में बोटिंग करने वालों की भीड़ देख कर लग रहा था कि काशी के लोग साल का पहला दिन खास बनाने में जुटे हैं। गंगा के उस पार लोगों की भारी भीड़ जमा थी। कोई घुड़सवारी कर रहा था तो किसी के लिए रेत पर घंटों बिताना ही काफी था।
मंदिरों में शीश नवाकर की दिन की शुरुआत
चौबेपुर/रोहनिया/पिंडरा। जिले के ग्रामीण इलाकों में स्थित मंदिरों में भी सुबह से ही लोगों की कतार लगी रही। कड़ाके की ठंड के बावजूद बड़ी संख्या में दर्शनार्थियों ने मंदिरों में मत्था टेककर नए साल की शुरुआत की। कैथी स्थित मारकंडेय महादेव मंदिर, रोहनिया में शूलटंकेश्वर महादेव मंदिर में आसपास के जिलों से भी दर्शनार्थी पहुंचे। पिंडरा के नेवादा स्थित नर्मदेश्वर मंदिर, नकटी स्थित मां नकटेश्वरी धाम, चरये स्थित मां शीतला धाम, रमईपुर स्थित मां दुर्गा मंदिर पर भक्तों की भीड़ रही। थानारामपुर स्थित हरहरानंद आश्रम पर भी सुबह से भक्तों का तांता लगा रहा। दर्शन-पूजन के साथ लोगों ने बाटी-चोखा का भी आनंद लिया।
सारनाथ में भी उमड़ी भीड़
सारनाथ में पार्कों व पिकनिक स्पॉटों पर पर्यटकों की भारी भीड़ के कारण मेले जैसा नजारा रहा। जहां विदेशी पर्यटकों ने पुरातात्विक स्थलों का भ्रमण कर सारनाथ के ऐतिहासिकता की जानकारी हासिल की। वहीं स्थानीय पर्यटकों ने घर से बनाकर लाये लजीज व्यंजनों का लुफ्त उठाया। परिवार के साथ बैडमिंटन व आंख मिचौनी का खेल खेलकर आनंद उठाया। दोपहर बाद तक थाई बौद्ध विहार, पुरातात्विक स्थल परिसर, आधुनिक मूलगंध कुटी बौद्ध विहार परिसर, पक्षी-विहार व डियर पार्क में पर्यटकों की खासी भीड़ लग गई। थाई बौद्ध विहार व मूलगंध कुटी बौद्ध विहार परिसर के पार्कों में स्थानीय पर्यटकों ने लजीज व्यंजनों का आनंद उठाया और रस्साकशी सहित अन्य खेल खेले। पर्यटकों की संख्या अधिक होने की वजह से पुरातात्विक संग्रहालय से लेकर सारनाथ मुख्य चौराहे तक जाम लग गया। इस दौरान पुलिस भीड़ को नियंत्रित करती रही और सुरक्षा व्यवस्था भी चाक चौबंद रही।
होटलों में जश्न, मॉल में जमकर चला मस्ती का दौर
गुब्बारों से सेजी नावों से गंगा की मौजों पर सैर,गंगा पार मेले जैसा माहौल
वाराणसी। साल के पहले दिन का लोगों ने पूरे उमंग और उल्लास के साथ स्वागत किया। कड़ाके की ठंड और घने कोहरे के बाद भी सुबह से होटल और मॉल में जो भीड़ उमड़ी वो रात तक बनी रही। दोस्तों और परिवार के साथ लोगों ने साल का पहला दिन खुशी से मनाया। युवाओं में न्यू ईयर का खास क्रेज दिखा। मॉल में सबसे ज्यादा भीड़ युवाओं की रही। फूड कोर्ट में पार्टी चली, तो मल्टीप्लेक्स में मूवी देखने के लिए टिकट की मारामारी दिखी। टाइगर जिंदा है और जुमांजी मूवी देखने वालों की जबरदस्त रही। आईपी मॉल सिगरा से लेकर विजया, जेएचवी मॉल, पीडीआर में जबरदस्त भीड़ रही। मॉल व मल्टीप्लेक्स को बेहद खूबसूरती के साथ सजाया गया। उधर होटल भी लंच और डिनर के नाम पर देर रात तक फुल रहे। गुब्बारों, फूलों से सजी नावों पर सवार होकर डीजे की धुन पर झूमते, नाचते लोगों ने जमकर मस्ती की। गंगा पार रेती पर मेले जैसा दृश्य था।