काशी को स्मार्ट सिटी बनाने की कवायद तेज हो गई है। शहर में उपलब्ध सुविधाएं, यहां की बसावट और शहरियों के मिजाज के अध्ययन के लिए एनके बिल्डकॉन कंसलटेंट ने काम शुरू कर दिया है।
गुरुवार को नगर निगम में आयोजित ‘स्मार्ट सिटी जनसहभागिता कार्यशाला’ में पहले दिन निगम के अधिकारियों एवं मीडिया के सामने स्मार्ट सिटी का खाका रखा गया।
सब कुछ जानने और समझने के बाद 30 नवंबर तक इसकी रिपोर्ट तैयार की जाएगी। रिपोर्ट को 10 दिसंबर तक राज्य और 15 दिसंबर तक केंद्र सरकार को भेज देना है।
स्मार्ट सिटी मिशन के अंतर्गत देशभर के 98 शहरों का चयन किया गया है। अब योजना के पहले चरण में 20 शहरों में काम शुरू होना है। इसमें वाराणसी को शामिल करने के लिए कंसलटेंट एजेंसी के अधिकारियों ने काम शुरू कर दिया है। कंपनी के कंसलटेंट सुशील गुप्ता ने नगर निगम में प्रोजेक्टर के माध्यम से स्मार्ट सिटी के तहत होने वाले कार्यों का प्रस्तुतिकरण किया।
उन्होंने बताया कि शहर को स्मार्ट बनाने के लिए मीडिया, सभासदों, प्रशासनिक अधिकारियों, बुद्धिजीवियों, विश्वविद्यालयों के शिक्षक-विद्यार्थियों से भी सुझाव लिया जाएगा।
उनकी उम्मीदों के अनुसार ही शहर के विकास की रूपरेखा तैयार की जाएगी। कार्यशाला में अपर नगर आयुक्त बीके द्विवेदी, महापौर के सलाहकार राजकुमार अग्रवाल, कंसलटेंट एजेंसी के टीम लीडर बीएल मेहरा, टेक्निकल एडवाइजर रमेश चंद्र अस्थाना, प्रोजेक्ट कोऑर्डीनेटर हर्षुल वर्मा, फाइनेंशियल एक्सपर्ट विजय घोषाल, एवं मीडियाकर्मी व कर्मचारी उपस्थित थे।