कोरोना वायरस के संक्रमण के मद्देनजर हाल के महीने में विदेश जाने और फिर लौटकर आने वालों को लेकर प्रशासन सख्त हुआ है। इसी क्रम में पुलिस की ओर से मांगी गई जानकारी के आधार पर बीएचयू प्रशासन की ओर से बताया गया कि बीते जनवरी से मार्च महीने में 19 प्रोफेसर सहित अन्य लोग विदेश यात्रा पर गए थे। साथ ही सभी लोग वापस लौटकर आने के बाद अपनी चिकित्सकीय जांच कराए हैं।
लंका इंस्पेक्टर भारत भूषण तिवारी ने बीएचयू प्रशासन से जानकारी मांगी थी कि हाल के महीनों में कौन प्रोफेसर, डॉक्टर, शोध छात्र और अधिकारी विदेश यात्रा पर गए थे। लंका इंस्पेक्टर के अनुसार, बीएचयू प्रशासन की ओर से बताया गया कि जनवरी से मार्च के बीच अमेरिका, इंग्लैंड, आस्ट्रिया, जॉर्डन, श्रीलंका, मलयेशिया, बैंकाक, वियतनाम, बांग्लादेश, सिंगापुर, दुबई, इजरायल आदि देशों की यात्रा पर प्रोफेसरों सहित 19 लोग गए थे।
इनमें से 16 लोग फरवरी महीने तक लौट आए थे। तीन प्रोफेसर आठ मार्च, 11 मार्च और 18 मार्च को अमेरिका, इंग्लैंड और थाईलैंड से लौटे हैं। सभी ने मौखिक और लिखित दोनों माध्यमों से बताया है कि वह बनारस वापस आने के बाद कोरोना वायरस के संक्रमण के मद्देनजर अपनी चिकित्सकीय जांच कराए हैं। किसी को भी किसी प्रकार की समस्या नहीं है और इस संबंध में सभी लोग पूरी एहतियात बरत रहे हैं।