वाराणसी। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी के आने से पहले और उनके रोड शो के दौरान लंका व अस्सी क्षेत्र में नारेबाजी पर कांग्रेस व भाजपा कार्यकर्ता भिड़ गए। दोनों पक्षों में नोकझोंक और फिर मारपीट हुई। गोदौलिया में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समर्थन में नारेबाजी कर रहे भाजपा कार्यकर्ताओं के अनुसार, पुलिस ने उन्हें लाठियों से पीटा और कुछ को हिरासत में ले लिया। कुछ जगहों पर रोड शो में शामिल कांग्रेस कार्यकर्ता भाजपा के झंडे उखाड़ कर फेंकते देखे गए।
प्रियंका का रोड शो शुरू होने से पहले लंका स्थित मालवीय प्रतिमा के पास कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एक अधिवक्ता को पीट दिया। इंस्पेक्टर लंका और अन्य पुलिसकर्मियों ने घेरा बनाकर अधिवक्ता को भीड़ के बीच से निकाला। इसके बाद उसे लंका थाने ले जाया गया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं का आरोप था कि उनके कार्यक्रम में व्यवधान डालने के लिए अधिवक्ता बार-बार मोदी-मोदी के नारे लगा रहा था। वह कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी और प्रियंका गांधी का नाम लेकर गालियां दे रहा था। उसे समझाया गया, लेकिन वह चुप होने को तैयार नहीं था। इंस्पेक्टर लंका ने बताया कि तहरीर मिलेगी तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
अस्सी से भदैनी के बीच कांग्रेस समर्थकों ने भाजपा समर्थकों की पिटाई की और पार्टी के घरों पर लगे झंडे फाड़ दिए। सबसे पहले ‘गली-गली में शोर है, चौकीदार चोर है’ के लग रहे नारों पर अस्सी पर खड़े कुछ भाजपा समर्थकों ने आपत्ति की तो कांग्रेसी उनपर टूट पड़े। भाजपा समर्थकों की जमकर पिटाई की। कांग्रेसी नेताओं व स्थानीय लोगों के बीच बचाव के बाद मामला शांत हुआ।
गोदौलिया में कुछ भाजपा कार्यकर्ता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समर्थन में नारे लगा रहे थे। भाजपा कार्यकर्ता मुन्नालाल यादव सहित अन्य ने आरोप लगाया कि पुलिस और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उन्हें दौड़ा कर लाठियों से पीटा। साथ ही कुछ साथियों को हिरासत में ले लिया।
चोर-उचक्कों की रही चांदी
वाराणसी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रोड शो की तरह कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी के रोड शो में भी चोर और उचक्कों की चांदी रही। लंका स्थित मालवीय चौराहा से गोदौलिया तक रोड शो के पहुंचने के दौरान दर्जन भर से ज्यादा लोगों ने जेब कटने और मोबाइल चोरी होने का शोर मचाया। हालांकि एक भी चोर या उचक्का पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ा।