वाराणसी। डीरेकाकर्मी आनंदराज की कारखाने में दुर्घटना के बाद हुई मौत के मामले में डीरेका प्रशासन ने शुक्रवार को जांच के आदेश दे दिए हैं। जांच प्रभावित न हो इसके लिए संबंधित तीन अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है। इससे पूर्व दोपहर में कर्मचारी परिषद के कर्मचारियों ने प्रशासनिक भवन के सामने प्रदर्शन किया और तीनों अधिकारियों के निलंबन की मांग की थी। शाम होते होते दो सीनियर सेक्शन इंजीनियर आर सी चौरसिया, डीके सिंह और जूनियर इंजीनियर एके मेहरा को निलंबित कर दिया गया है। डीजीएम नितिन मेहरोत्रा ने भी इसकी पुष्टि की है।
मंगलवार को डीरेका कारखाने में सुबह की पाली में कार्य करने के दौरान डीरेकाकर्मी आनंद राज (32) क्रेन से टकराकर बुरी तरह घायल हो गए। गंभीर हालत में लंका स्थित निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है जहां उसकी बुधवार रात में मौत हो गई। अस्पताल पर पत्नी ने डीरेका के अधिकारियों पर अपने पति को प्रताड़ित करने का आरोप लगाया था। शुक्रवार की सुबह कर्मचारी परिषद और एससी एसटी एसोसिएशन ने डीरेका प्रशाशन को पत्र लिखकर जांच कराने व तीनों अधिकारियों को निलंबित करने की मांग की।
कोई सुनवाई न होने पर दोपहर में सैकड़ों कर्मचारी प्रशासनिक भवन के सामने इकट्ठा होकर निलंबन की मांग करने लगे। शाम होते होते डीरेका प्रशाशन ने एसएसई आरसी चौरसिया, डीके सिंह और जेई एके मेहरा को निलंबित कर दिया। कर्मचारी परिषद के सदस्य अजीमुल हक, प्रदीप यादव, नवीन सिन्हा, विनोद सिंह, आलोक वर्मा के अलावा एससी एसटी एसोसिएशन के अध्यक्ष रूप सिंह मीना, सरदार सिंह के अलावा सैकड़ों कर्मचारियों ने डीरेका कर्मचारियों के आए दिन होने वाले मानसिक उत्पीड़न को बंद करने मांग की।
आनंदराज के लिए शोक सभा
डीरेका में काम करते समय चोटिल आनंदराज की मृत्यु के पश्चात शुक्रवार को डीरेका के पूर्वी गेट पर उनके लिए शोक सभा आयोजित हुई। कर्मचारी परिषद डीएलडब्लू मजदूर संघ, डीएलडब्लू मेंस यूनियन व अन्य संगठनों के कर्मचारी शामिल हुए। शाम को नागरिक सुरक्षा डीरेका के द्वारा अपने वॉलिंटियर आनंदराज के लिए एक शोक सभा का आयोजन किया गया।