लोहता। थाना क्षेत्र के चंदापुर गांव निवासी मोनू (18) का शव सोमवार को केराकतपुर गांव के सामने रेल की पटरी पर मिलने से सनसनी फैल गई। सूचना के बाद घरवाले और पुलिस पहुंची। घरवालों ने हत्या का आरोप लगाते हुए वाराणसी-भदोही मार्ग को जाम कर दिया। करीब साढ़े तीन घंटे तक जाम की स्थिति बनी रही। पुलिस ने समझाने का प्रयास किया लेकिन लोग मानने को तैयार नहीं थे। मुकदमा दर्ज करने के आश्वासन पर दोपहर साढे़ तीन बजे जाम समाप्त हुआ। दोपहर 12 बजे से साढ़े तीन बजे तक जाम लगा रहा। इससे राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ा। मोनू के पिता की तहरीर पर पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दिया है। मोनू तीन भाइयों में मझला था।
मिर्जामुराद के प्रतापपुर के मूल निवासी खंझाटी, लोहता के चंदापुर में रहकर दुर्गेश की खेतीबारी का काम देखते हैं। उनका कहना है कि रविवार की शाम चार बजे उनके बेटे मोनू के मोबाइल पर किसी का फोन आया था। इसके बाद वह घर से निकला। वह रात नौ बजे तक नहीं आया तो घरवाले परेशान हो गए। उसके मोबाइल पर फोन मिलाया गया तो वह स्विच आफ मिला। सोमवार की सुबह केराकतपुर गांव के सामने बेटे का शव मिलने की सूचना पर वह पहुंचे। खंझाटी का कहना है कि जिस जमीन पर वह रहता है कि कुछ लोग उसे जमीन छोड़कर जाने की धमकी दे रहे थे। आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग को लेकर दोपहर 12 बजे लोगों ने जाम लगा दिया। लोहता, जंसा और रोहनिया की पुलिस मौके पर पहुंची थी। खंझाटी की तहरीर पर पुलिस ने केराकतपुर निवासी संजय सिंह, बजरंग नगर लोहता निवासी कल्याण मिश्रा और राहुल सिंह के खिलाफ हत्या और साजिश रचने का मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है।