सोनभद्र। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलने के लिए पहुंची कैंसर पीड़ित महिला और उसके दो बच्चों को पुलिस सुबह साढ़े दस बजे सजौर गांव स्थित कार्यक्रम स्थल से राबर्ट्सगंज कोतवाली उठा लाई। रात आठ बजे साढ़े नौ घंटे बाद उन्हें छोड़ा। पुलिस के इस रवैये के चलते महिला पीएम से गुहार तक नहीं लगा सकी।
पन्नूगंज थाना क्षेत्र के संडा गांव की कंचन पांडेय, उसके पति और दो बच्चों सात साल के उज्ज्वल तथा चार साल के अनमोल को आंशिक रूप से कैंसर है। इस परिवार को अब तक एक हजार यूनिट ब्लड चढ़ चुका है। महीने में करीब तीन से चार यूूनिट ब्लड पीड़ितों को चढ़ाया जाता है।
इससे पहले राबर्ट्सगंज स्थित जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान में सामूहिक विवाह समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आए थे। उस समय भी कंचन उनसे मिलने पहुंची थी लेकिन उसे वहां भी निराशा हाथ लगी थी। शनिवार को वह सजौर गांव में प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री की चुनावी जनसभा में उनसे मिलने गई थी। लेकिन, सुबह करीब साढ़े दस बजे पहुंचते ही पुलिस सभी को कोतवाली ले गई। दिन भर पुलिस ने उसे बैठाए रखा और रात करीब आठ बजे छोड़ दिया। कंचन का कहना है कि वह प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री से परिवार की जिंदगी मांगने गई थी, लेकिन उसे मिलने नहीं दिया गया।
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आत्मदाह की धमकी देने पर राजकुमार को उठा ले गई पुलिस
सोनभद्र। देश की सीमा पर दीवार बनाकर आतंकवाद जैसी बड़ी समस्या से देश को निजात दिलाने की मांग कर रहे राबर्ट्सगंज निवासी राजकुमार सोनी को पुलिस उठा ले गई और कोतवाली में बिठा दिया। राजकुमार ने चेतावनी दी थी कि यदि उसे प्रधानमंत्री से नहीं मिलने दिया गया तो वह कार्यक्रम स्थल पर ही आत्मदाह कर लेगा। प्रधानमंत्री के लौटने के बाद पुलिस ने उसे भी रात में करीब आठ बजे छोड़ दिया।