वाराणासी। सुर गंगा के द्वितीय संस्करण की तीसरी निशा में रविवार को कलाकारों ने सुर, संगीत और नृत्य की सरिता बहाई। कथक और सितार का जब संगम हुआ तो हर-हर महादेव के जयघोष और तालियों की गड़गड़ाहट से कार्यक्रम स्थल गूंज उठा।
भैंसासुर घाट पर कार्यक्रम की शुरुआत गंगा आरती से हुई। एक साथ पांच ब्राह्मणों ने पूजा-पाठ कराया। इसके बाद नीरज मिश्रा का सितार वादन राग यमन में हुआ। उनके साथ तबले पर संगत कौशल किशोर ने की। दोनों कलाकारों ने प्रस्तुति से श्रोता मंत्रमुग्ध हो गए। श्रोताओं ने बीच-बीच में हर-हर महादेव का जयघोष लगाकर कलाकारों का उत्साहवर्धन किया।
इसके बाद तान्या गुप्ता और अमन सिंह ने कत्थक के माध्यम से शिव स्तुति की, जिससे वातावरण शिवमय हो गया। इसके बाद तान्या गुप्ता और अमन गुप्ता ने एकल कथक, सुप्रिया पाल और रोशनी गुप्ता समूह ने राजस्थानी नृत्य की प्रस्तुति दी। मुख्य अतिथि भाजपा नेता आलोक श्रीवास्तव, समिति के आलोक पारिख और संदीप पंडया रहे। संचालन प्रमोद कुमार, कलाकारों का स्वागत लक्ष्मण सिंह और पीयूष मिश्रा ने किया।