वाराणसी। श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर के अर्चक नीरज पांडेय को रविवार को बर्खास्त कर दिया गया। यह कार्रवाई मुख्य कार्यपालक अधिकारी एसएन त्रिपाठी ने पुजारी के महीने भर से ड्यूटी से नदारद रहने की रिपोर्ट के आधार पर की। अर्चक पर कार्य में लापरवाही के साथ अनुशासनहीनता बरतने, उच्चाधिकारियों के निर्देशों की अवहेलना करने का आरोप है।
अर्चक नीरज पांडेय का तबादला बीते महीने सकलडीहा स्थित ऊं कालेश्वर महादेव मंदिर के लिए किया गया था। स्थानांतरण के बाद पुजारी ने ज्वाइन नहीं किया। इससे वहां का काम प्रभावित होता रहा। स्थानांतरित पुजारी ने न तो सकलडीहा में अपनी ज्वाइनिंग दी और न तो मंदिर कार्यालय में ही उपस्थित होकर अपनी बात कही। अर्चक ने किसी तरह की छुट्टी की भी आवेदन नहीं किया। महीने भर से अधिक समय से ड्यूटी से नदारद चल रहे अर्चक के लखनऊ में नेताओं और उच्च अफसरों के यहां परिक्त्रस्मा करने की जानकारी मंदिर प्रशासन को इस दौरान मिलती रही। लगातार ड्यूटी से नदारद होने और निर्देशों का पालन न करने के आरोप में रविवार की दोपहर सीईओ ने अर्चक नीरज पांडेय की सेवा समाप्त करने का आदेश जारी किया। सीईओ ने बताया कि मंदिर में अनुशासनहीनता करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।