वाराणसी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूरे शहर में फैले बिजली के तारों को भूमिगत करने का निर्देश कमिश्नर दीपक अग्रवाल को दिया है। अब तक केवल राजघाट से अस्सी के बीच ही आईपीडीएस (इंट्रीग्रेटेड पावर डेवलपमेंट स्कीम) के तहत बिजली के तारों को भूमिगत किया गया है। अब बाकी बचे 80 प्रतिशत शहर के हिस्से को आईपीडीएस की योजना से कवर किया जाएगा। कमिश्नर ने बताया कि मुख्यमंत्री ने कार्ययोजना बनाकर जल्द से जल्द प्रस्तुत करने को कहा है।
571 करोड़ रुपये की योजना के तहत आईपीडीएस में 432 करोड़ रुपये पुरानी काशी में काम कराया गया। इसके अलावा बाकी धनराशि से वरुणा पार सहित अन्य इलाकों में काम कराया गया है। शहर के 20 प्रतिशत हिस्से में बिजली के तार भूमिगत हो गए हैं। बाकी बचे हिस्से में तारों का जंजाल अभी फैला है। जिन इलाकों में आईपीडीएस के काम हुए हैं वहां गुणवत्ता युक्त निर्बाध आपूर्ति जारी है। लो वोल्टेज की समस्या के साथ साथ बिजली के तारों के टूटने का अब कोई खतरा नहीं है। बारिश के दौरान तारों में स्पार्किंग की समस्या नहीं होगी।