वाराणसी। दलित युवती से सामूहिक दुष्कर्म सहित अन्य आरोपों में वांछित 25 हजार के इनामी बीएचयू के पूर्व शोध छात्र दीपक मिश्रा उर्फ गुरु को रविवार सुबह नरिया तिराहा से लंका पुलिस ने गिरफ्तार किया। इस मामले में तीन अन्य आरोपी पहले ही जेल भेजे जा चुके हैं। जंसा थाना के शंभूपुर निवासी दीपक को पुलिस ने जेल भेज दिया है।
सीओ भेलूपुर अनिल कुमार ने बताया कि 26 जुलाई 2018 को मंडुवाडीह क्षेत्र की युवती ने लंका थाने में चार युवकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। युवती के अनुसार, वह रथयात्रा स्थित ब्यूटी पार्लर में काम करती थी। पास में स्थित जेंट्स पार्लर में काम करने वाले एक युवक ने उससे कहा कि वह उसे अच्छी तनख्वाह पर दूसरे पार्लर में काम दिला देगा। कुछ दिन बाद युवक ने उसे कॉल की और नए पार्लर में बातचीत कराने के बहाने लंका क्षेत्र स्थित मालवीय कुंज मुहल्ले के एक मकान में ले गया। इस दौरान चार युवकों ने उसके साथ दुष्कर्म किया।
सीओ भेलूपुर के अनुसार, शनिवार सुबह इंस्पेक्टर लंका भारत भूषण तिवारी को सूचना मिली कि दीपक नरिया तिराहा पर मौजूद है। उन्होंने दरोगा ईश्वर दयाल दुबे और श्रीप्रकाश सिंह सहित अन्य के साथ उसे गिरफ्तार कर लिया। दीपक के मोबाइल से कई अश्लील वीडियो क्लिप और युवतियोें के नंबर मिले हैं, जिनकी पुलिस जांच कर रही है। पूछताछ में दीपक ने बताया कि मुकदमा दर्ज होने के बाद वह नई दिल्ली, झारखंड और असम में छुप रहा। वह बीएचयू से ही बीए और एमए करने के बाद दर्शनशास्त्र से शोध कर रहा था।