चौबेपुर/वाराणसी। पुल पर भारी वाहनों के आवागमन रोकने की मांग को लेकर रविवार को पुल पर ग्रामीणों ने चक्काजाम किया। इसके साथ ही पुल की मरम्मत की मांग रखी। उनका कहना था कि पुल टूटने से सैकड़ों गांवों का संपर्क टूट जाएगा और लोगों को दिक्कत होगी। चक्का जाम से चोबेपुर-बलुआघाट मार्ग पर वाहनो की लंबी कतार लग गई।
ग्रामीणों की माने तो वर्ष 2014 में ही यह पुल क्षतिग्रस्त हो गया था। जिसे ग्रामीणों के आर्थिक सहयोग से ही ठीक किया गया था। वर्ष 2014 में ही लोक निर्माण विभाग ने पुल के दोनो तरफ बोर्ड लगाकर चेतावनी जारी करते हुए भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित कर दिया था। कुछ दिन बाद बोर्ड गायब हो गया और भारी वाहनों का आवागमन शुरू हो गया। ग्रामीण पुल पर भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित करने की मांग कर रहे थे।
उनका कहना था कि सिंगल लेन रोड होने के कारण भारी वाहनों के आवागमन से बाजार के व्यापारियों व ग्रामीणों को दिक्कत हो रही है। जब तक रोड डबल लेन नहीं हो जाता तब तक बैरियर लगाकर भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक लगाई जाए। चक्काजाम की सूचना मिलने पर भाजपा नेता पंकज त्रिपाठी मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझा-बुझाकर चक्काजाम समाप्त कराया। चौबेपुर थानाध्यक्ष अवनीश कुमार राय एसडीएम सदर को प्रकरण से अवगत कराते हुए समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया। धरना प्रदर्शन के दौरान नन्हें सिंह, राजेंद्र सिंह, पारसनाथ सिंह, होल्ला सिंह, भैरव सिंह, अतुल सिंह, सुभाष सिंह, आनन्द सिंह, मधुसूदन सिंह सहित सैंकड़ों ग्रामीण उपस्थित रहे।