वाराणसी। बीएचयू के सर सुंदर लाल अस्पताल के सर्जरी विभाग की ओपीडी में मंगलवार को इलाज कराने गए छात्र आकाश मिश्रा और उसके दोस्त की डॉक्टरों ने जमकर पिटाई कर दी। शास्त्री तृतीय वर्ष के छात्र आकाश का सिर फट गया। उसकी आंख के पास भी चोट आई है। आकाश की तहरीर पर सर्जरी विभाग के अज्ञात डॉक्टरों के विरुद्ध मारपीट का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। अस्पताल प्रशासन ने भी मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेटी गठित कर दी है। कमेटी को तीन दिन में रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं। छात्र की पिटाई से नाराज अधिवक्ताओं ने आरोपी डॉक्टरों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए आंदोलन की चेतावनी दी है।
सोनबरसा निवासी अधिवक्ता घनश्याम मिश्र का पुत्र आकाश बीएचयू में शास्त्री तृतीय वर्ष का छात्र है। हार्निया से पीड़ित आकाश पहले मेडिसिन की ओपीडी में गया था, जहां से उसे सर्जरी विभाग भेजा गया। यहां डॉक्टरों से कहासुनी के बाद विवाद बढ़ गया। लंका एसओ को दी गई तहरीर में आकाश ने बताया है कि ओपीडी में मौजूद सीनियर डॉक्टरों के साथ ही जूनियर और सीनियर रेजीडेंट ने उसकी और उसके दोस्त की पिटाई की। आकाश ने अपनी तहरीर में जांच के दौरान चिकित्सकों को पहचानने का भी जिक्र किया है। उधर, घटना की जानकारी होते ही आकाश के साथी अस्पताल आ गए और फिर लंका थाने पहुंचे। आकाश का भेलूपुर में मेडिकल कराया गया। इस बारे में लंका एसओ ने बताया कि आकाश की तहरीर पर अज्ञात चिकित्सकों के खिलाफ मारपीट का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। चीफ प्रॉक्टर को पत्र लिखकर घटना के दौरान ड्यूटी पर तैनात डॉक्टरों की सूची मांगी गई है। उधर सेंट्रल बार एसोसिएशन के महामंत्री संजय दाढ़ी के नेतृत्व में हुई बैठक में अधिवक्ताओं ने बैठक कर डॉक्टरों के निलंबन और गिरफ्तारी की मांग की है। विधिक पत्रकार एसोसिएशन, यूपी बार कौंसिल के पूर्व उपाध्यक्ष हरिशंकर सिंह समेत अन्य अधिवक्ताओं ने भी डॉक्टरों की गिरफ्तारी न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।