रोहनिया। क्षेत्र के शूलटंकेश्वर महादेव, माधोपुर में रविवार की सुबह गंगा में नहाते समय सागर विश्वकर्मा (24) गहरे पानी में चला गया। डूबने से उसकी मौत हो गई। जानकारी के बाद स्थानीय मल्लाहों ने उसे बाहर निकाल कर अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सागर अपने परिवार में इकलौता कमाने वाला था। वहीं बीएचयू के बीए तृतीय वर्ष के छात्र आशीष कुमार विश्वकर्मा (21) की रविवार को शूलटंकेश्वर के पास गंगा में डूबने से मौत हो गई।
कुरहुआ निवासी सागर विश्वकर्मा सुबह अपने छोटे भाई करन के साथ नहाने गया था। छोटा भाई नहा कर मंदिर में दर्शन करने चला गया। लौट कर आया तो देखा कि बाकी लोग नहा रहे थे लेकिन उसका भाई नहीं दिखा। वह रोते हुए घर गया और घरवालों को इसकी जानकारी दी। घरवाले मौके पर पहुंचे और मल्लाहों की मदद से खोजबीन शुरू की। नदी से निकाले जाने के बाद सागर को अखरी स्थित निजी चिकित्सालय ले जाया गया, जहां डाक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। सागर तीन भाई एक बहन में सबसे बड़ा था। वह फर्नीचर बनाने का काम करता था। पिता सियाराम विश्वकर्मा विकलांग हैं। इसी साल मई में उसकी शादी हुई थी। पत्नी शिवानी इसी दिवाली पर मायके से ससुराल आई थी। पूर्व मंत्री सुरेंद्र पटेल ने वीरभानपुर स्थित हनुमान मंदिर में सामूहिक विवाह के तहत उसकी शादी करवाई थी। शिवानी का कहना था कि उसने सागर को सुबह ही गंगा में नहाने जाने के लिए मना किया था लेकिन वो चले गए। अब वह किसके सहारे जिंदगी गुजारेगी।
वहीं काशी हिंदू विश्वविद्यालय के बीए तृतीय वर्ष के छात्र आशीष कुमार विश्वकर्मा (21) की रविवार को शूलटंकेश्वर के पास गंगा में डूबने से मौत हो गई। मसौड़ी, भगवानगंज, पटना निवासी आशीष अपने मित्र पियूष, गौरव, रोहित, प्रत्युष, राहुल के साथ शूलटंकेश्वर महादेव मंदिर माधोपुर गया था। वहां सभी गंगा में नहाने लगे। इसी दौरान अचानक गहरे पानी में जाने से आशीष डूबने लगा। साथ नहा रहे दोस्तों ने बचाने का प्रयास किया मगर वह डूब गया। दोस्तों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को नदी से बाहर निकलवाया। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में छात्र अखरी पुलिस चौकी पहुंचे थे। आशीष बीएचयू के आचार्य नरेंद्रदेव छात्रावास में रहता था।