वाराणसी। गोदाम से माल को दुकान लेकर जा रहे हैं तो ई-वे बिल बनाने की जरूरत नहीं। गोदाम से माल किसी दूसरे के प्रतिष्ठान में भेज रहे हैं तो ई-वे बिल रखना अनिवार्य होगा। यह जानकारी विशेश्वरगंज भैरोनाथ व्यापार मंडल व कोटक महिंद्रा की ओर से विशेश्वरगंज होटल में आयोजित ई-वे बिल पर सेमिनार में बतौर मुख्य अतिथि वाणिज्यकर विभाग के असिस्टेंट कमिश्नर प्रमोद उपाध्याय ने कही।
उन्होंने कहा कि ई-वे बिल के तहत कारोबार करना काफी आसान है बशर्ते व्यापारी उसे अच्छी तरह से समझ लें। बिना समझे ई-वे बिल जनरेट कर रहे हैं इसलिए उनको दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सरकार ने व्यापारियों की सहूलियत के लिए नेशनल ई-वे बिल को लागू किया। पहले जहां माल लाते ले जाते समय कई प्रकार के फार्म को भरना पड़ता था। इन सभी फार्म को खत्म करके सरकार ने ई-वे बिल को लाया है। कार्यक्रम में व्यापारियों को नेशनल ई-वे बिल के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि नेशनल ई.वे बिल चार प्रकार का होता है। उन्होंने कहा कि किसी व्यापारी ने अगर ई वे बिल जनरेट कर दिया है और उसने माल भेजा नहीं है तो 24 घंट के अंदर कैंसिल कर सकता है। अगर कैंसिल नहीं किया तो प्राप्तकर्ता से कहकर 72 घंटे के अंदर उसे कैंसिल करने को कह दे। इससे व्यापारियों को कोई दिक्कत नहीं होगी। विशेश्वरगंज भैरोनाथ व्यापार मंडल के अध्यक्ष प्रतीक गुप्ता, महामंत्री अलखनाथ गोस्वामी, संजय बनर्जी, मनोज दूबे, विकास गुप्ता, अशोक सेठ, भगवान दास जायसवाल, बलवंत सिंह, अभिषेक पाठक, मुरली मनोहर मौजूद रहे।