बड़ागांव। केंद्रीय स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गुरुवार को बसनी और पीएचसी बड़ागांव का निरीक्षण कर स्वास्थ्य सुविधाओं की जांच की। डॉ. एसके सिकंदर के नेतृत्व में टीम 12 बजे उपकेंद्र बसनी पहुंची। सदस्यों ने एएनएम संगीता से उपकेंद्र के बाबत पूछताछ करते हुए दवा की उपलब्धता, प्रशिक्षण, ब्लड व सुगर की जांच के बाबत सवाल किए। प्रसव की संख्या की जानकारी ली। टीम ने एएनएम से कापर टी लगाकर दिखाने को कहा। एएनएम द्वारा कापर टी लगाने की विधि को सुरक्षित नहीं कहा गया। स्टॉक रजिस्टर के साथ ही मांग पत्र को भी नहीं दिखा पाई । टीम ने नाराजगी जताते हुए कार्यप्रणाली में सुधार लाने को कहा। टीम उपकेंद्र पर लगभग दो घंटे तक रही। वहीं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बड़ागांव पहुंची टीम ने महिला प्रसव कक्ष का निरीक्षण किया। स्टाफ से लेबर रूम में रखी हुई औजारों के बारे में जानकारी ली। टीम ओपीडी, स्टोर रूम, लैब, नेत्र जांच सहित फार्मेसी स्टोर की जांच की। फ्रीज में जरूरत से ज्यादा भरी हुई दवाइयों पर आपत्ति जताई। नेत्र विभाग के चिकित्सक डॉ. आलोक से इलाज के बारे में जानकारी ली। इस दौरान डॉ. प्रणव भूषण, डॉ. एस केरेड्डी, सीएमओ डॉ. बीबी सिंह उप चिकित्साधिकारी डॉ. एके गुप्ता, प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. आर के सिंह समेत स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी मौजूद रहे।
चोलापुर: क्षेत्र के जगदीशपुर पीएचसी का गुरुवार शाम केंद्रीय स्वास्थ्य की टीम ने निरीक्षण किया। टीम ने वहां मौजूद एएनएम सरोज देवी से उपकेंद्र में मिल रही सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। एएनएम से प्रसव की संख्या बढ़ाने पर जोर दिया। टीम ने उपकेंद्र का स्टॉक रजिस्टर भी चेक किया। टीम ने बाहर परिसर में बैठी आशाओं और महिला लाभार्थियों से सरकार की योजनाओं के बारे में जानकारी हासिल की। विभाग की टीम उपकेंद्र पर देर शाम तक रुकी रही।