500 वर्ष पहले संभल की आस्था और संस्कृति पर चोट पहुंचाई गई थी : योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि संभल श्रीहरि विष्णु और भगवान हरिहर की पावन धरा है। उन्होंने कहा कि वह पहले भी कह चुके हैं कि यह भूमि सनातन परंपरा की प्राचीन धरोहर रही है, लेकिन करीब 500 वर्ष पहले, वर्ष 1526 में विदेशी आक्रांताओं ने यहां की आस्था और संस्कृति को चोट पहुंचाई थी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब आक्रांता किसी स्थान पर आते हैं तो वे केवल वहां का खजाना नहीं लूटते, बल्कि धर्म और संस्कृति को भी रौंदने का काम करते हैं। उन्होंने कहा कि यही पाप संभल में भी किया गया था। श्रीहरि विष्णु और भगवान हरिहर के पवित्र मंदिर को तोड़ा गया और यहां स्थित 68 तीर्थों को अपवित्र किया गया। इसके साथ ही संभल के अस्तित्व के साथ खिलवाड़ किया गया और लोगों को विभिन्न प्रकार की यातनाएं दी गईं।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि वर्ष 1976 और 1978 में हुए दंगों के दौरान सैकड़ों निर्दोष लोगों की हत्या हुई, लेकिन किसी भी दोषी को सजा नहीं मिल सकी। उन्होंने कहा कि विभाजन और सांप्रदायिक हिंसा का खामियाजा संभल ने भुगता है।
करीब 500 वर्ष पहले जो घटनाएं हुईं, उनमें कुछ लोगों का जबरन धर्मांतरण कराया गया, कुछ लोगों की हत्या कर दी गई और क्षेत्र के तीर्थों को नष्ट करने का प्रयास किया गया। उन्होंने कहा कि अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में डबल इंजन की भारतीय जनता पार्टी सरकार प्रदेश में काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि सरकार ने संभल के 68 तीर्थों के पुनर्जीवन और पुनर्स्थापना का कार्य शुरू कर दिया है। साथ ही, 24 कोसी परिक्रमा मार्ग के निर्माण और चौड़ीकरण की परियोजना को भी मंजूरी देकर आगे बढ़ाया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार संभल की धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
एक हजार एकड़ जमीन कब्जा मुक्त, गरीबों को बांटी गई
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अब संभल के 68 तीर्थों की पवित्रता के साथ कोई खिलवाड़ नहीं कर सकेगा और न ही 24 कोसी तथा 84 कोसी परिक्रमा में कोई बाधा डाल पाएगा। उन्होंने कहा कि वर्षों तक भू-माफियाओं ने यहां की जमीनों पर कब्जा जमाए रखा और गरीबों के अधिकारों का हनन किया, लेकिन अब सरकार ने बड़े पैमाने पर कार्रवाई करते हुए करीब 10 हजार एकड़ जमीन कब्जामुक्त कराई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन लोगों ने अतीत में हिंदुओं की हत्या की और भू-माफियाओं को संरक्षण दिया, उनके शासनकाल में गरीबों की जमीनों पर कब्जे किए गए। उन्होंने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि इन दलों की सरकारों के दौरान दलितों, पिछड़ों और वंचितों की जमीनें हड़पी गईं और उनकी सुध लेने वाला कोई नहीं था।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उन्होंने प्रशासन को निर्देश दिया था कि कब्जामुक्त कराई गई जमीनों का वितरण गरीबों, दलितों, पिछड़ी जातियों और भूमिहीन परिवारों के बीच किया जाए। उन्होंने आरोप लगाया कि भू-माफियाओं ने अपने कब्जे छिपाने के लिए राजस्व अभिलेखों और भूमि रिकॉर्ड तक को नष्ट करने का प्रयास किया, ताकि उनके खिलाफ कोई सबूत न बच सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चाहे कांग्रेस की सरकार रही हो या समाजवादी पार्टी की, कुछ लोगों ने सच्चाई को दबाने की कोशिश की, लेकिन रिकॉर्ड नष्ट किए जा सकते हैं, सत्य को नहीं। उन्होंने कहा कि अंततः सत्य सामने आता है, जैसा कि 500 वर्षों के बाद अयोध्या में भगवान श्रीराम का भव्य मंदिर बनकर खड़ा हो गया।
उन्होंने कहा कि संभल के विकास के लिए सरकार लगातार काम कर रही है। जिले में पुलिस लाइन का निर्माण कराया जा रहा है, पीएसी की नई बटालियन गठित की जा रही है और इंटीग्रेटेड मुख्यालय भवन का निर्माण प्रस्तावित है। इसके साथ ही संभल को फोरलेन सड़कों से जोड़ने और गंगा एक्सप्रेसवे को मेरठ, हरिद्वार और प्रयागराज से जोड़ने की दिशा में भी काम किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भविष्य में जब भगवान कल्कि का अवतार होगा, तब देश और दुनिया के लोग संभल में हरिहर मंदिर और भगवान कल्कि से जुड़े स्थलों के दर्शन के लिए आएंगे। उन्होंने कहा कि अपनी सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत का संरक्षण करना प्रत्येक नागरिक का दायित्व है।
योगी आदित्यनाथ ने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि जो लोग कांवड़ यात्रा, श्रीकृष्ण जन्माष्टमी, रामनवमी और दुर्गा पूजा जैसे धार्मिक आयोजनों पर रोक लगाते थे, उन्हें देश की विरासत से कोई सरोकार नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसे लोग केवल सत्ता के लिए राजनीति करते हैं और गरीबों, दलितों तथा वंचितों के हितों की अनदेखी करते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि संभल अब अपने प्राचीन गौरव और सत्यव्रत की पहचान के साथ आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि संभल अब रुकने वाला नहीं है, बल्कि विकास की नई ऊंचाइयों को छूने जा रहा है। इसी उद्देश्य से वह जिले को 570 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं की सौगात देने आए हैं।
अब प्रदेश में दंगा नहीं, विकास और सुशासन है : योगी
बहजोई में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बेहतर आधारभूत ढांचा किसी क्षेत्र की प्रगति और समृद्धि का आधार बनता है और आज यही विकास संभल में दिखाई दे रहा है। उन्होंने कहा कि संभल के उत्पादों को वैश्विक पहचान मिल रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसानों द्वारा उत्पादित मेंथा तेल को बढ़ावा देने के लिए सिंथेटिक मेंथा पर अधिक कर लगाया और प्राकृतिक मेंथा पर कर की दर कम की, जिससे इस क्षेत्र के किसानों और व्यापारियों को लाभ मिला है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार विकास के साथ-साथ विरासत के संरक्षण का काम भी कर रही है। उन्होंने भाजपा के जनप्रतिनिधियों का उल्लेख करते हुए कहा कि जिले के नेताओं ने कभी किसी व्यक्ति के चेहरे या वोट के आधार पर भेदभाव नहीं किया। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं का लाभ सभी वर्गों तक पहुंचाया जा रहा है।
उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले की सरकारों में भ्रष्टाचार चरम पर था। उन्होंने कांग्रेस की सरकार का जिक्र करते हुए कहा कि उस समय प्रधानमंत्री खुद कहते थे कि केंद्र से भेजे गए 100 रुपये में से केवल 15 रुपये ही गरीबों तक पहुंच पाते हैं। आरोप लगाया कि कांग्रेस, समाजवादी पार्टी और उनसे जुड़े लोगों ने गरीबों के राशन, छात्रों की छात्रवृत्ति, किसानों की सहायता, आवास योजनाओं, पेंशन और बेटियों की शादी के लिए भेजे गए धन में भ्रष्टाचार किया।
उन्होंने कहा कि अब स्थिति बदल चुकी है और प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री द्वारा बटन दबाते ही पूरी राशि सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में पहुंच जाती है। अब बीच में कोई हिस्सा नहीं ले सकता और यदि कोई ऐसा करने का प्रयास करेगा तो उसे जेल जाना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि आज प्रदेश में व्यापारियों और आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित की गई है।
पहले समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के शासन में दंगे होते थे और संभल का नाम दंगों के लिए जाना जाता था। मुख्यमंत्री ने वर्ष 1978 के दंगों का उल्लेख करते हुए कहा कि उस समय भारी नुकसान हुआ था, लेकिन किसी ने पीड़ितों की सुध नहीं ली।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अब प्रदेश में न दंगा है और न कर्फ्यू। उन्होंने कहा जो दंगाई थे, वह प्रदेश छोड़ चुके हैं। अब संभल में सब चंगा है। मुख्यमंत्री ने अपराधियों को चेतावनी देते हुए कहा कि कानून तोड़ने वालों के लिए केवल दो ही जगह बची हैं जेल या फिर जहन्नुम।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सुरक्षा सुशासन की आधारशिला है और सुशासन निवेश का आधार बनता है। निवेश आने से रोजगार के अवसर पैदा होते हैं। उन्होंने कहा कि आज जब सरकार नियुक्ति पत्र वितरित करती है तो संभल के युवा भी उसमें भागीदारी करते हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि पहले सरकारी नौकरियों पर सिफारिश और सिंडिकेट का कब्जा था, लेकिन अब भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी हो चुकी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में करोड़ों लोगों को मुफ्त राशन मिल रहा है और लाखों गरीब परिवारों को आवास उपलब्ध कराए गए हैं। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत गरीबों को पक्के घर दिए जा रहे हैं, जिससे उनके जीवन स्तर में सुधार आया है।