उन्नाव। इस बार प्रधान व ग्राम पंचायत सदस्य सीटों की आरक्षण प्रक्रिया में चक्र नहीं चलेगा। शासन के आदेशों के बाद पंचायतीराज विभाग इन सीटों पर आरक्षण का नए सिरे से निर्धारण करने में तेजी के साथ जुटा है। तीन तहसीलों से जुड़ी ग्राम पंचायतों की आरक्षण प्रक्रिया लगभग पूरी हो चुकी है। चार दिन बाद सूची का प्रकाशन किया जाएगा।
जिले में ग्राम प्रधान सीटों की संख्या 1044 और पंचायत सदस्यों की संख्या 12958 हैं। पूर्व में प्रधान और सदस्य सीटों के लिए निर्धारित की गई आरक्षण प्रक्रिया को शासन ने शून्य घोषित कर दिया था। साथ ही निर्देश दिए थे कि नए सिरे से प्रधान और सदस्य सीटों की आरक्षण प्रक्रिया निर्धारित की जाए। प्रदेश सरकार के आदेश के बाद पंचायतीराज विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों ने प्रधान और सदस्य सीटों की आरक्षण प्रक्रिया निर्धारण पर काम चालू कर दिया। मंगलवार को विकास भवन सभागार में सभी खंड विकास अधिकारियों व सहायक विकास अधिकारियों (पंचायत) को बुलाया गया।
सीडीओ ने सभी को निर्देश दिए कि प्रधानी और सदस्य सीटों की आरक्षण प्रक्रिया को बुधवार तक हर हाल में पूरा कर लें। इसको लेकर एडीओ पंचायत सदस्य सीटों के आरक्षण को अंतिम रूप देने के लिए कड़ी मशक्कत करते रहे।
डीपीआरओ कार्यालय के जानकारों के मुताबिक, अब चक्रानुक्रम के आधार पर आरक्षण का निर्धारण नहीं किया जाएगा। सबसे ज्यादा जिस वर्ग की आबादी होगी उसके हिसाब से सीट आरक्षित की जाएगी। सूत्रों की मानें तो शासन के नए आदेशों के बाद प्रधान व सदस्य की पुरानी आरक्षण व्यवस्था पूरी बदल जाएगी।
बीघापुर, पुरवा व उन्नाव तहसील की ग्राम पंचायतों की प्रधान सीटों का आरक्षण फाइनल किया जा चुका है। सूची का प्रकाशन 26 से 28 सितंबर के बीच किया जाएगा। 4 व 5 अक्टूबर के बीच परीक्षण और 6 व 7 अक्टूबर को अंतिम सूची का प्रकाशन किया जाएगा।