फोटो-12- रेलवे ट्रैक पर मरम्मत का काम करते कर्मचारी। आर्काइव
उन्नाव। कोहरे और कॉशन से ट्रेनों की चाल बिगड़ गई है। जैतीपुर से गंगाघाट रेलवे स्टेशन के बीच चार स्थानों पर कॉशन देकर ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है। ट्रेनों को धीमी गति से निकाला जा रहा है। इस काकरण ट्रेनें और लेट हो रही हैं।
ठंड में घने कोहरे के कारण दृश्यता बेहद कम हो जाती है। इस कारण सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए रेलवे प्रशासन ने कई स्थानों पर गति सीमा कम कर दी है। इसके साथ ही ट्रैक अनुरक्षण और अन्य तकनीकी कारणों से जैतीपुर से शुक्लागंज के बीच चार जगह कॉशन लगाया गया है। इन स्थानों पर ट्रेनों को न्यूनतम गति से ही गुजरने की अनुमति है, इससे अतिरिक्त समय लग रहा है।
लंबी दूरी की कई एक्सप्रेस और पैसेंजर ट्रेनें घंटों देर से आती हैं। इससे सुबह और शाम के समय यात्रियों को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ठंड और कोहरे के बीच यात्रियों को प्लेटफार्म पर घंटों इंतजार करना पड़ रहा है। वहीं समय पर सूचना न मिलने से परेशानी और बढ़ जाती है। कई बार ट्रेन के लेट होने की जानकारी काफी देर में बाद मिलती है।
मेमू और शताब्दी दो घंटे रहीं लेट
उन्नाव। ट्रेनों की लेट लतीफी लगातार बनी है। मंगलवार को 12004 शताब्दी एक्सप्रेस निर्धारित समय 11:54 की बजाय 02:07 मिनट पर उन्नाव जंक्शन पहुंची। वहीं 64212 मेमू पैसेंजर दोपहर 12:45 की बजाय शाम 03:08 मिनट पर पहुंची। इसके अलावा 12419 गोमती एक्सप्रेस एक घंटे, 11109 गोमती एक्सप्रेस एक घंटे और 11123 बरौनी - ग्वालियर मेल भी एक घंटे की लेट रही है। इससे ठंड में यात्रियों को गंतव्य तक पहुंचने के लिए काफी लंबा इंतजार करना पड़ा। (संवाद)
वर्जन...
यात्रियों की सुरक्षा पहले है। ट्रैक पर कार्य के दौरान सावधानी बरतना आवश्यक है। मौसम साफ होने के बाद ट्रेनों गति बढ़ेगी। तब तक यात्रियों से सहयोग की अपील की गई है। -परविंद सिंह, मंडल अभियंता, लखनऊ।
फोटो-12- रेलवे ट्रैक पर मरम्मत का काम करते कर्मचारी। आर्काइव