उन्नाव। इंद्रानगर मोहल्ला निवासी शुभमचंद्र ने पड़ोस के दंपती सहित चार लोगों पर धोखाधड़ी की प्रथिमिकी दर्ज कराई है। बताया कि लकड़ी के व्यवसाय में निवेश के नाम इन लोगों ने 77 लाख रुपये हड़प लिए हैं। न्यायालय के आदेश के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
शुभमचंद्र ने बताया कि पड़ोसी दीपक सिंह, उनकी पत्नी रंजना, पिता दुर्गेश और दोस्त प्रदीप सिंह ने दो जनवरी 2025 को झांसा देकर खुद को लकड़ी का व्यवसायी बताया। दीपक सिंह ने मां पीताम्बरा ट्रेडर्स नाम की फर्म का उल्लेख किया। फर्जी जीएसटीएन नंबर वाले कूट-रचित ब्रोशर भी दिए। बंधन बैंक के खाते में बड़े लेन-देन की प्रविष्टियां भी दिखाई गईं। उनके झांसे में आकर उन्होंने 16 जनवरी से 16 अगस्त 2025 तक 77,06,500 रुपये बंधन बैंक के खाते में भेजे लेकिन आठ महीने बाद भी रुपये वापस नहीं मिले।
रुपये वापस न मिलने पर शुभमचंद्र ने आरोपियों से संपर्क किया। 22 सितंबर 2025 को आरोपियों ने एक नोटरी शपथ-पत्र दिया। इसमें 63,00,000 रुपये 31 जनवरी 2026 तक लौटाने की बात कही थी लेकिन तय समय तक रुपये नहीं मिले। शुभमचंद्र ने सदर कोतवाली में शिकायत की, पर वहां सुनवाई नहीं हुई।
इसके बाद उन्होंने न्यायालय की शरण ली। न्यायालय के आदेश पर आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई। कोतवाल चंद्रकांत मिश्र ने बताया कि पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है।