उन्नाव। ग्राम विकास अधिकारी संघ के पदाधिकारियों ने डीपीआरओ को सचिवों को जारी हुई नोटिस और अब हो रही वसूली के विरोध में ज्ञापन देते हुए अपना पक्ष रखा है।
संघ के अध्यक्ष शिवदत्त तिवारी ने बताया कि कई ऐसे प्रकरण हैं जिनमें सचिव को नोटिस दिया गया, जबकि वह उस ग्राम पंचायत में तैनात ही नहीं है। ग्राम पंचायत का आवंटन आपके कार्यालय द्वारा किया जाता है इसके बाद भी असंगत आदेश निर्गत हो रहे है, इससे साथियों को मानसिक तनाव मिल रहा है। कहा कि जिला लेखा परीक्षा अधिकारी सहकारी समिति और पंचायत उन्नाव द्वारा प्रस्तुत किया गया प्रस्तर संबंधित सचिव को कभी मिला ही नहीं। इससे उन्हें अपना स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का अवसर ही नहीं मिला। नोटिस निर्गत करने के पहले ऑडिट प्रस्तर की तत्कालीन प्रधान व सचिव को प्राप्ति सुनिश्चित कर लिया जाए जिससे संदर्भित वर्ष के अभिलेख अथवा पत्रावलियां संबंधित कार्यालय से प्राप्त कर अवलोकित कराई जा सकें।