अचलगंज (उन्नाव)। विदेश जाने के लिए अचलगंज के हड़हा निवासी युवक ने वर्ष 2018 में पासपोर्ट बनवाया। परिचित के वीजा पर 2018 में विदेश गया और लेकिन पासपोर्ट और आधार कार्ड में लिखे नाम में अंतर होने पर एक साल बाद पास्पोर्ट रद्द कर भारत भेज दिया गया। इसके बाद युवक ने तीन बार नाम और जन्मतिथ बदल कर पासपोर्ट बनावाया। गृहमंत्रालय में मामला पकड़ा गया। वहां से आई रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
थानाक्षेत्र के हड़हा गांव निवासी जुबैर ने 12 मार्च 2018 में अपना पासपोर्ट बनवाया। दस्तावेजों में अपनी जन्मतिथि 10 मई 1996 दर्ज कराई। लेकिन जिस दलाल के माध्यम से पासपोर्ट बनवाया उसने नाम में जुबेर के स्थान पर जुबेर खान लिख दिया। इससे वह सऊदीअरब के रियाद नहीं पहुंच सका और उसे वहीं से बैरंग भारत भेज दिया गया। दस महीने बाद 24 दिसंबर 2018 को जुबेर ने अपना नाम मो. जुबैर पुत्र जब्बीखान और जन्मतिथि दो मई 1995 दिखाकर दूसरा पासपोर्ट बनवा लिया। इस पासपोर्ट पर वह वर्ष 2021 में गांव के ही अपने परिचित के बुलाने और वीजा भेजने पर सऊदी अरब गया। वह वहां डेढ़ साल रहा, लेकिन टूरिस्ट वीजा होने से उसे वहां के प्रशासन वापस भेज दिया। इसके जुबैर ने 23 जनवरी 2024 में जुबेर अहमद पुत्र जब्बी खान और जन्मतिथि एक जनवरी 2003 दर्शाते हुए पासपोर्ट बनवाया। विदेश जाने के लिए फिर कोशिश की तो गृहमंत्रालय से मामला पकड़ा गया। वहां से पासपोर्ट कार्यालय लखनऊ रिपोर्ट भेजी गई। इसी आधार पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू की है।
बीघापुर सीओ मधुपनाथ मिश्रा ने बताया कि टूरिस्ट वीजा पर सऊदी अरब जाने पर वहां दो बार मामला पकड़ा गया तो उसे वापस भेज दिया गया। पासपोर्ट कार्यालय से रिपोर्ट के आधार पर रिपोर्ट दर्ज की गई है और गहनता से जांच कराई जा रही है। इसमें जो और लोग शामिल होंगे उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।