बीघापुर। तहसील सभागार में आयोजित संपूर्ण तहसील समाधान दिवस में एडीएम (न्यायिक) अमिताभ यादव को भगवंतपुर कुंदनपुर के हरिश्चंद्र ने शिकायतीपत्र दिया। इसमें बताया कि उन्होंने 9850 रुपये बीघापुर उपकेंद्र में जमा किए लेकिन रसीद मात्र दो हजार की दी गई। एडीएम ने एसडीओ पीसी यादव से जांच रिपोर्ट तलब की।
सुमेरपुर कस्बा निवासी अरुण कुमार सैनी ने दिए शिकायतीपत्र में बताया कि उनका 20 माह का बिल 66 हजार रुपये से ज्यादा भेज दिया गया है। एडीएम ने एसडीओ को मामला निस्तारित करने के आदेश दिए। कुंभी निवासी रामआसरे ने फार्मर रजिस्ट्री, केवाईसी होने के बाद भी किसान सम्मान निधि न मिलने का प्रार्थनापत्र दिया।
समाधान दिवस में कुल 74 मामले आए, जिसमें छह का मौके पर निस्तारण हो सका। एसडीएम धर्मेंद्र कुमार सिंह, तहसीलदार प्रियंका तिवारी, नायब तहसीलदार अविनाश मिश्रा, विजय रंजन श्रीवास्तव सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
बाढ़ राहत सहायता राशि अपात्रों को देने की शिकायत
बांगरमऊ। डीएम की अनुपस्थिति में एसपी जयप्रकाश सिंह व एडीएम वित्त राजस्व सुशील कुमार गोंड ने शिकायतें सुनीं। 123 प्रार्थनापत्रों में चार का मौके पर निस्तारण हुआ। फतेहपुर चौरासी के ग्राम सहरिया सलेमपुर निवासी कैलाश तथा गोवर्धन ने शिकायतीपत्र देकर बताया कि बाढ़ पीड़ितों को दी जाने वाली सहायता राशि भूमिहीन अपात्रों के खातों में लेखपाल की सांठगांठ से भेज दी जाती है। पात्र सहायता राशि से वंचित हैं। एडीएम ने जांच का आश्वासन दिया।
ग्राम राजेपुर निवासी कमलकांत तिवारी ने बताया कि घर के बाहर लगा सीमेंट का बिजली पोल कई जगह से चटका है। चार बार प्रार्थनापत्र देने के बाद भी नहीं बदला गया। तहसील बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रामभरोसे वर्मा के नेतृत्व में अधिवक्ताओं ने ज्ञापन सौंपा। आरोप लगाया कि उपनिबंधक कार्यालय से तहसीलदार न्यायालय आने वाली दाखिल-खारिज की पत्रावलियों में धन न देने पर उन्हें किसी न किसी आधार पर निरस्त कर दिया जाता है। एसडीएम बृजमोहन शुक्ला ने जांच कराने का आश्वासन दिया।
हसनगंज में एसडीएम शालिनी सिंह तोमर के पास 97 प्रार्थनापत्र पहुंचे, जिसमें पांच राजस्व के मामलों का निस्तारण किया गया। सीओ तेज बहादुर सिंह व तहसीलदार कीरत सेन आदि मौजूद रहे। सफीपुर में एसडीएम फाल्गुनी सिंह के पास 93 फरियादियों ने शिकायतें दर्ज कराईं। छह का मौके पर निस्तारण किया गया।