फोटो-1-इसुनिया गांव में खेल मैदान में बने मदरसे को गिराता बुलडोजर। संवाद
चकलवंशी। सदर तहसील के इसुनिया गांव स्थित खेल मैदान पर अवैध रूप से बने मदरसे को बुलडोजर से गिरा दिया गया। कार्रवाई के दौरान एसडीएम सदर और सीओ सफीपुर सहित भारी पुलिस बल मौजूद रहा। इस कारण किसी भी तरह का विरोध नहीं हो सका।
इसुनिया गांव में गाटा संख्या 122 अभिलेखों में खेल मैदान के रूप में दर्ज है। इस जमीन के 130 वर्ग मीटर क्षेत्र में अवैध मदरसा संचालित किया जा रहा था। चर्चा है कि यह स्थल अन्य धार्मिक क्रियाकलापों में भी उपयोग हो रहा था। एसडीएम सदर क्षितिज द्विवेदी ने बताया कि वर्ष 2018 में बेदखली का मुकदमा दाखिल हुआ था। वर्ष 2023 में 25,350 रुपये का जुर्माना लगाकर बेदखली का आदेश दिया गया था। कई बार नोटिस देने के बाद भी जमीन खाली नहीं की गई थी। शनिवार को विहिप और बजरंग दल के पदाधिकारियों ने वहां हंगामा किया था। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली और कार्रवाई का आश्वासन दिया था। रविवार को बुलडोजर से अवैध निर्माण हटाकर खेल मैदान खाली कराया गया।
बेदखली आदेश में तीन साल की देरी
इसुनिया गांव में तहसील अफसरों की लापरवाही से शनिवार को माहौल बिगड़ने से बचा था। वर्ष 2023 में बेदखली का आदेश होने के बावजूद तीन साल बाद भी इस पर अमल नहीं हो पाया था। ग्रामीणों के अनुसार, शुरुआत में केवल खंभे लगाए गए थे। बेदखली आदेश के बाद काम रुका लेकिन कार्रवाई न होने पर मदरसा बन गया।
अफसरों की लापरवाही और उदासीनता का अवैध कब्जा करने वालों ने पूरा लाभ उठाया। हिंदूवादी संगठनों द्वारा विरोध किए जाने के बाद ही अधिकारी हरकत में आए। उन्होंने अवैध निर्माण गिरवाने की जहमत उठाई। सीओ सफीपुर सोनम सिंह, नायब तहसीलदार धीरज त्रिपाठी और लेखपाल कलश कटियार भी मौके पर मौजूद थे। माखी, दही, अचलगंज और सफीपुर थानों का पुलिस बल भी तैनात रहा।
फोटो-1-इसुनिया गांव में खेल मैदान में बने मदरसे को गिराता बुलडोजर। संवाद