उन्नाव। कानपुर-प्रयागराज हाईवे को बीघापुर तहसील और लखनऊ से जोड़ने वाले बक्सर गंगा पुल की मरम्मत में देरी ने एक सितंबर से शुरू होने वाली लखनऊ-कानपुर हाईवे के जाजमऊ पुल की मरम्मत पर ब्रेक लगा दी है। बक्सर पुल भारी वाहनों के लिए न खुलने से कई जिलों की यातायात व्यवस्था चरमराने के खतरे को देखते हुए जाजमऊ पुल को बंद करने के लिए एक सप्ताह के लिए टाल दिया है।
कानपुर-लखनऊ हाईवे पर उन्नाव और कानपुर जिले की सीमा पर बने 51 साल पुराने जाजमऊ गंगा नदी पुल के कई पिलर की स्लैब के बीच लगी बियरिंग खराब हैं। भारी वाहनों के आवागमन पर पुल में तेज कंपन होता है। वर्ष 1975 में बने 708 मीटर लंबे इस पुल की स्लैब में दरारें भी हैं। इसी वजह से लगातार मरम्मत के बाद भी गड्ढे रहते हैं। एनएचएआई ने पुल की मरम्मत और बियरिंग बदलने के लिए 5.60 करोड़ का ठेका महाराष्ट्र की कंपनी को दिया है।
मरम्मत कराने के लिए उन्नाव से कानपुर जाने वाली लेन के पुल को तीन महीने के लिए बंद किया जाना है। करीब छह महीने से एनएचएआई पुल को बंद करने और ट्रैफिक डायवर्जन के उन्नाव, कानपुर, फतेहपुर सहित अन्य जिलों के अधिकारियों से संपर्क कर रहा है। त्योहार और कांवड़ यात्रा के समापन के बाद एक सितंबर से पुल को यातायात के लिए बंद करके मरम्मत शुरू करने की तैयारी थी लेकिन अंतिम चरण में पीडब्ल्यूडी की सुस्ती रोड़ा बन गई। बक्सर पुल का काम पूरा नहीं हुआ है। इस कारण भारी वाहनों के लिए खोलना संभव न होने से विभाग ने एक सप्ताह की और मोहलत मांगी है।
देर हुई तो बढ़ेंगी मुश्किलें
काफी खराब हालत में पहुंच चुके इस पुल की तत्काल मरम्मत जरूरी है। अगर और देर हुई तो लोगों की परेशानी बढ़ेगी और ठंड में काम समय पर पूरा करने की चुनौती होगी। इस पुल में 39 स्पॉन हैं। इनमें 29 मीटर लंबे 20 बड़े स्पॉन और 19 छोटे स्पॉन की लंबाई सात मीटर है। कोहरा होने की स्थिति में दस मीटर दूर तक देखना भी मुश्किल होता है। तकनीकी अधिकारी के मुताबिक बियरिंग बदलने के लिए स्पॉन को जैक लगाकर बराबर ऊपर उठाना होता है। अभी काम कराना आसान होगा। हमीरपुर सहित अन्य स्थानों पर इस समय खनन बंद होने से चार से पांच हजार भारी वाहनों का दबाव भी कम है।
गंगा की बाढ़ नहीं बनेगी बाधा
एनएचएआई के तकनीकी अधिकारियों के मुताबिक बियरिंग बदलने में गंगा नदी के जलस्तर में बढ़ोतरी बाधा नहीं बनेगी क्योंकि पुल के नीचे किसी तरह की मशीन या शटरिंग की जरूरत नहीं है। इसके लिए हैंगिंग प्लेटफॉर्म बनाए गए हैं। तकनीकी टीम पुल की रेलिंग से लटकने वाले इन्हीं प्लेटफॉर्म से काम करेगी।
बोले जिम्मेदार
बक्सर पुल की मरम्मत का काम पूरा हो गया है। बारिश की वजह से काम खत्म करने में कुछ देर जरूर हुई है लेकिन अब कोई काम नहीं बचा है। कंक्रीट की ढलाई पिछले सप्ताह ही हुई है, इसलिए उसकी तराई और मजबूत होने में एक सप्ताह का समय और लगेगा। इसके बाद हाइटगेज बैरियर हटाकर भारी वाहनों के लिए खोल दिया जाएगा। -हरदयाल अहिरवाह, एक्सईएन पीडब्ल्यूडी
कानपुर, फतेहपुर और उन्नाव सभी जिला प्रशासन से पुल को तीन महीने के लिए पुल बंद करने और ट्रैफिक डायवर्जन की अनुमति मिल गई है। हालांकि बक्सर गंगा पुल की स्लैब में कराए गए काम में कंक्रीट-सीमेंट का प्रयोग किया गया है। इस कारण पीडब्ल्यूडी ने इसे पूरी तरह मजबूत होने के लिए सात दिन का समय और मांगा है। ट्रैफिक की समस्या को देखते हुए, जिला प्रशासन ने एक सप्ताह और रुकने को कहा है।-पंकज यादव, पीडी एनएचएआई कानपुर।
फोटो-5- भारी वाहनों के लिए बंद प्रयागराज हाईवे को लखनऊ से जोड़ने वाला बक्सर गंगा पुल। संवाद- फोटो : 1