फोटो-13-रेलिंग लगाकर बंद कराया गया आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे का इमरजेंसी कट। संवाद
औरास। आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर पुलिस और एंबुलेंस के पहुंचने के लिए बनाए गए इमरजेंसी कटों को यूपीडा ने शुक्रवार की सुबह बंद करा दिए। आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर औरास और हसनगंज के 30 किमी के दायरे में पंचमखेड़ा, गहाखेड़ा, बड़ादेव व तालासराय सहित पांच जगहों पर इमरजेंसी कट बनाए गए थे।
यूपीडा का दावा है इन कटों के बनाने का उद्देश्य हादसों के समय पुलिस और एंबुलेंस को घटनास्थल तक पहुंचने का रास्ता देना था। नियमता: ऐसी स्थिति में आपात वाहनों के निकलने के बाद कट को बंद कर देना चाहिए लेकिन जिम्मेदारों की लापरवाही से ये कट 24 घंटे खुले रहे। इससे इन क्षेत्रों में आए दिन हादसे होते रहे।
बृहस्पतिवार को बेहटामुजावर के जोगीकोट के पास एक्सप्रेसवे पर इमरजेंसी कट से मुड़ने के दौरान ट्रेलर में ट्रक टकरा गया था। इसके बाद पीछे से आ रहे 10 अन्य वाहन टकराने से 13 लोग घायल हो गए थे। इसमें यूपीडा की बड़ी लापरवाही सामने आई थी। हादसे से सबक लेते हुए यूपीडा के सुरक्षा अधिकारी आरके चंदेल ने शुक्रवार को बांगरमऊ से हसनगंज तक के सभी इमरजेंसी कट बंद करा दिए। सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि एक्सप्रेसवे के खुले इमरजेंसी कटों को बंद करा दिया गया है।