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Unnao News: जिले में तीन गैर मान्यता प्राप्त संचालित मदरसे, चार पंजीकृत

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चित्रकूट। जिले में संचालित सात मदरसों में मात्र चार ही मान्यता प्राप्त हैं, जबकि तीन गैर मान्यता प्राप्त संचालित हैं। इनमें पढ़ाई करने वाले छात्रोंं का पंजीकरण में हेराफेरी को रोकने के लिए भारत सरकार की वेबसाइट में किया जा रहा है। जिसमेें कई छात्रों का पंजीकरण नहीं हो पाया है। इनकी जांच चल रही है। ऐसे में मदरसों में पढ़ने वाले छात्रों की संख्या को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं। माना जा रहा है कि छात्रवृत्ति हड़पने के लिए फर्जी पंजीयन भी होते हैं ऐसे में सरकार के निर्देश पर प्रशासन ऑनलाइन सभी कागजात की जांच कराने के बाद ही पंजीयन करा रहा है। इसके कारण अभी लगभग 100 छात्रों का पंजीयन नहीं हो सका है।
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जिले में मान्यता प्राप्त मदरसों में मदरसा इस्लामियां स्कूल मदारे वतन मऊ, आनंदपुर रगौली में मदरसा बीबी नूरिया बेगम अरबिया अहले सुन्नत आनंदपुर, मुस्लिम पुरवा रामनगर में मदरसा गुलशने मनसूर इस्लामियां स्कूल, मदरसा दारुल उलूम महबूबिया है। गैर मान्यता प्राप्त मदरसों में इटौरा गांव स्थित मदरसा निजामिया, जिला मुख्यालय के ईदगाह के सामने स्थित मदरसा मिस बाहुल उलूम, शहर के रामपुरी पुरानी बाजार स्थित मदरसा इस्लाहुल मुस्लिमीन खुले हुए हैं। इन मदरसों के छात्रों का पंजीकरण जिला अल्पसंख्यक कल्याण एवं वक्फ विभाग में दर्ज हंै। जिसमेें कुल 557 छात्र पंजीकृत हैं। जब भारत सरकार के वेबसाइट में छात्रों का पंजीकरण मांगा गया है। जिसमें कई छात्रोंं का पंजीकरण अभी नहीं हो पाया।
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मुस्लिम पुरवा रामनगर स्थित मदरसा गुलशने मनसूर इस्लामियां स्कूल के प्रबंधक मोहम्मद शकील ने बताया कि उनके मदरसे में लगभग 70 छात्र हैं। इसमें लगभग 65 का आधार कार्ड बनाया है, जिसके आधार पर पंजीकरण कराया है। बताया कि कई छात्र बहुत गरीब हैं, जो आधार कार्ड नहीं बनवा पा रहे हैं। छात्रों को छात्रवृत्ति, ड्रेस सहित अन्य सुविधाएं नहीं दी जाती है।
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इनसेट
जिला अल्पसंख्यक कल्याण एवं वक्फ विभाग के उप निदेशक अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी दिलीप कुमार ने बताया कि मदरसों के छात्रों का पंजीकरण भारत सरकार के वेबसाइट में किया जा रहा है। इसमें कुछ छात्रों को पंजीकरण नहीं हो पाया है। किसी भी प्रकार की हेराफेरी को रोकने के लिए ऑनलाइन पंजीयन कराया जा रहा है। लगभग 100 नए छात्रों के कागजात की जांच में कमी मिली है, जिनकी जांच कराई जा रही है।
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