दो साल से कचहरी क्रासिंग पर रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) का निर्माण चल रहा है। पहले अतिक्रमण के कारण निर्माण कार्य बाधित हुआ। सेतु निगम का काम लगभग पूरा होने के बाद रेलवे की ओर से गार्डर न रखने से यह काम लेट होता रहा। दिसंबर माह में रेलवे की कार्यदायी संस्था ने हाईपावर क्रेनों की मदद से गार्डरों को पुल पर रखवाया। गार्डर रखते समय इन्हें वेयरिंग पर रखने के बजाए लकड़ी के छोटे तख्तों पर रखवा दिया गया था। अब यहां पर सेतु निगम बचा काम कर रहा है। वहीं रेलवे ने भी गार्डरों पर स्लैब ढालने के लिए आवश्यक सामग्री भेज दी है। अब गार्डरों को वेयरिंग पर रखा जाना है और इन्हें रखने के लिए 5 सौ टन वजन क्षमता वाली हाइड्रोलिक जैक को मंगवाया जाएगा। जिससे गार्डरों को उठाकर वेयरिंग पर रखा जाएगा। विभागीय अफसरों की मानें तो पुल पर वाहनों के चलते समय होने वाली जंपिंग को यह वेयरिंग झेलेंगे और पुल पर इसका दबाव कम पड़ेगा। निर्माणदायी कंपनी के अधिकारियों ने बताया कि हाइड्रोलिक जैक मंगवाया गया है एक-दो दिनों में गार्डरों को वेयरिंग पर रखने के बाद स्लेब ढालने के लिए जाल बांधने का काम शुरू करवा दिया जाएगा।