ज्येष्ठ का पहला मंगल आज है। पहले बुढ़वा मंगल पर हनुमान मंदिरों में भारी भीड़ होगी। हनुमान मंदिरों में साफ-सफाई पूरी कर ली गई है। 5 मई से ज्येष्ठ माह की शुरुआत हो रही है। मुख्य बात यह है कि पहले मंगलवार से ही ज्येष्ठ माह शुरू हो रहा है।
इसमें चार मंगलवार पडे़ंगे। इनमें से पहला मंगल आज है। इस दिन को बजरंगबली की आराधना का बड़ा दिन माना जाता है। हनुमान भक्त इसे बुढ़वा मंगल के रूप में मनाते हैं।
ऐसी मान्यता है कि इस दिन हनुमानजी की मूर्ति पर बंदन का चोला चढ़ाने से उत्तम फल की प्राप्ति होती है। इसके अलावा इस दिन भगवान राम की भी आराधना करने से पुण्य मिलता है।
आचार्यों एवं पंडितों के मुताबिक, ज्येष्ठ माह के बड़े मंगल को तुलसीदासजी की रचित हनुमान बाहु और हनुमान साधिका नामक पुस्तकों का पाठ करना चाहिए। सोमवार को संकट मोचन हनुमान, बड़े हनुमान मंदिर के अलावा सभी मंदिरों में तैयारियों में साफ-सफाई की गई।
शहर के बड़े हनुमान मंदिर में बजरंग बली का गेंदे व गुलाब के फूलों से श्रृंगार होगा। इस बार पूरे मंदिर परिसर को फूलों की लड़ी लगाकर सजाया जा रहा है। बड़े मंगल को मंदिर में दिन में पवनसुत के कीर्तन भजन होंगे और फिर शाम को सुंदरकांड पाठ का किया जाएगा। मंदिरों के अलावा शहर में कोने-कोने पर शर्बत के साथ पूड़ी सब्जी व नुक्ती का वितरण भी होगा।