उन्नाव। राजकीय इंटर कॉलेज रविवार को स्कूल में शिक्षक और कर्मचारी गुट की संयुक्त बैठक ने सरकार के खिलाफ हुंकार भरी। कहा कि प्रदेश सरकार ने तीन वर्ष का कार्यकाल पूरा करने के बाद भी पंद्रह लाख से अधिक कर्मचारी शिक्षक समुदाय से वार्ता नहीं की। आक्रोशित कर्मचारी संगठन एकजुट होकर अधिकारों की लड़ाई लड़ने की तैयारी में है।
कर्मचारी-शिक्षक संयुक्त परिषद के प्रदेश मंत्री संजीव पांडेय ने कहा कि प्रदेश सरकार ने लंबित समस्याओं के निराकरण पर ध्यान नहीं दिया तो आंदोलन किया जाएगा।
केंद्र सरकार अगले वर्ष अपने कर्मचारियों को सातवां वेतन आयोग लागू करने जा रही है। प्रदेश में वर्ष 2006 से लागू छठे वेतन आयोग की विसंगतियां अब तक दूर नहीं हो पाई हैं। दूसरी ओर प्रदेश के कर्मचारियों को केंद्र की भांति वेतन के अतिरिक्त भत्तों की भी कोई समानता नहीं दी गई है।
जिला वरिष्ठ उपाध्यक्ष आरएन रावत ने कहा कि हमारी पहचान हमारा संगठन है। प्रदेश सरकार कर्मचारियों व शिक्षक समुदाय की समस्याओं का निदान किए बिना विकास का ढिंढोरा पीट रही है। जिला मंत्री गंगा कृष्ण शुक्ला ने कहा कि जनतंत्र में अवसर वादिता व वादाखिलाफी का कोई स्थान नहीं है।
जब तक पूरे समाज का विकास नहीं होगा तब तक विकास का कोई अर्थ नहीं है। यहां उमशंकर अगिभनहोत्री, अशोक कुमार शुक्ला, कृष्णा यादव, शैलेंद्र प्रताप सिंह, हरिनाम सिंह, वीरेंद्र निगम, द्रोपदी कटियार, ओम प्रकाश भारती, नरेश कुमार सहित सैकड़ो कर्मचारी मौजूद रहे।