उन्नाव। सिकंदरपुर करन की ग्राम पंचायत लोहचा में इंटरलाकिंग में मानकों की धज्जियां उड़ाई गईं। आलम यह रहा कि इंटरलाकिंग के किनारे की बॉक्सिंग ढाई महीने में ही दब गई। जानकारी होने पर अब सीडीओ ने जेई और ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
सीडीओ डॉ. राजेश कुमार प्रजापति ने 10 फ रवरी को विकासखंड सिकंदरपुर करन की ग्राम पंचायत लोहचा में उन्नाव-रायबरेली मार्ग से रामदुलारे राधेलाल मेमोरियल हाईस्कूल तक बिछाई गई इंटरलाकिंग का आकस्मिक निरीक्षण किया था। 5 लाख की लागत से 150 मीटर इंटरलाकिंग का निर्माण विधान परिषद सदस्य सुनील सिंह साजन की विधायक क्षेत्र विकास निधि से ढाई माह पहले कराया गया था। कार्यदायी संस्था ग्रामीण अभियंत्रण विभाग थी। सीडीओ ने निरीक्षण में पाया कि इंटरलाकिंग मार्ग के दोनों तरफ बनाई गई बॉक्सिंग के किनारे अंदर की तरफ रोड अभी से दब गई है।
मौके पर उपस्थित ग्रामीणों ने सीडीओ को बताया कि मार्ग निर्माण के समय ठेकेदार द्वारा मिट्टी भराने के बाद न तो इसमें ब्रिक बैलास्ट, मौरंग व बालू का प्रयोग किया गया और ना ही मिट्टी की कुटाई आदि ही कराई गई। जिसके कारण अभी से सड़क दब रही है। सीडीओ ने मौके पर जांच में पाया कि यह सड़क अगली बारिश में पूरी तरह से ध्वस्त हो जाएगी। सीडीओ ने मार्ग निर्माण में संबंधित ठेकेदार शिवशंकर कुशवाहा और देखरेख में लापरवाही बरतने वाले आरईएस के अवर अभियंता मुकेश कुमार से दो दिन में स्पष्टीकरण मांगा है।
सीडीओ ने अवर अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के अलावा इस कार्य से संबंधित ठेकेदार एवं तकनीकी पर्यवेक्षण के लिए नामित अवर अभियंता डीआरडीए रामवीर सिंह भदौरिया का स्पष्टीकरण भी दो दिन में तलब किया है। सीडीओ ने कहा कि संतोषजनक उत्तर न मिलने पर सभी पर कार्रवाई की जाएगी।