उन्नाव। जिला योजना समिति की गुरुवार को होने वाली बैठक में चार अरब रुपये के प्रस्ताव पर मुहर लग सकती है। प्रभारी मंत्री की अध्यक्षता में बैठक कलेक्ट्रेट में होगी। जिला योजना में शामिल कराने के लिए विभागों में बुधवार को प्रस्तावों को तैयार किए जाने का काम युद्धस्तर पर चलता रहा।
प्रभारी मंत्री की अध्यक्षता में जिला योजना की बैठक होती है। विकास भवन के सूत्रों के मुताबिक, बैठक में संबंधित विभाग अपनी कार्ययोजना रखते हैं। सभी विभागों की कार्ययोजना को अनुमोदन के लिए नियोजन विभाग के पास भेजा जाता है। वहां से वित्त विभाग को फाइल जाती है।
सूत्रों की मानें तो इस प्रक्रिया में करीब एक से डेढ़ माह का समय लग जाता है। इसके बाद शासन की ओर से बजट जारी होता है। जिलास्तर से संबंधित विभागों को पैसा जारी कर दिया जाता है। फिर विभागीय अधिकारी इसी पैसे से विकास कार्य कराते हैं।
बिजली, विकास भवन के सभी और स्वास्थ्य समेत करीब 35 विभाग आते हैं जिन्हें जिला योजना के तहत पैसा मिलता है। अगले वित्तीय वर्ष 2015-16 के लिए इस बार फरवरी माह में ही जिला योजना समिति की बैठक होने जा रही है। गुरुवार को जन्तु उद्यान राज्यमंत्री डॉ. शिव प्रताप यादव की अध्यक्षता में होने वाली इस बैठक में 4 अरब 60 करोड़ रुपये के प्रस्तावों पर मुहर लग सकती है। इसको लेकर बुधवार को जिला योजना से जुड़े विभागों में प्रस्तावों को अंतिम रूप दिया जाता रहा।