थाना क्षेत्र के चौधरिन टोला के चौहरा हत्याकांड क ा खुलासा पुलिस के गले की फांस बनता नजर आ रहा है। पुलिस के खुलासे से आहत संत गाडगे महासभा ने कोर्ट में अर्जी लगाने का ऐलान किया है।
दूसरी तरफ पीड़ित मनोज ने भी कोर्ट से सीबीआई जांच कराने की बात कही है। उधर इस मामले की जांच अब सीओ को सौंप दी गई है। पुलिस ने वारदात में हत्या और दुष्कर्म के साथ अब एससीएसटी एक्ट की धाराएं भी बढ़ाई हैं।
मौरावां के चौधरिनटोला में चार मई को मनोज के बंद मकान में उसकी पत्नी और तीन बेटियों के शव मिले थे। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सभी की हत्या की पुष्टि के बाद पुलिस ने खुलासे के लिए कड़ी मेहनत शुरू की। 2 दिन तक पुलिस आक्रोशित भीड़ को संभालती रही।
तफ्तीश के दो दिन बाद ही पुलिस ने पड़ोसी युवक अनिल को गिरफ्तार कर घटना का खुलासा कर दिया। चौहरे हत्याकांड को एक अकेले व्यक्ति के अंजाम देने की बात किसी को पची नहीं। खुलासे पर सवाल उठाते हुए परिजनों ने सीएम से मिलने की बात कही थी।
पुलिस के इस खुलासे से आक्रोशित परिजनों ने कोर्ट की शरण लेने का मन बना लिया है। संत गाडगे महासभा के अध्यक्ष उमाशंकर कनौजिया ने अमर उजाला से बातचीत में कहा कि पुलिसिया कहानी पूरी तरह से मनगढ़ंत है। वह इस खुलासे को कोर्ट में चुनौती देंगे।
दो दिन में कोर्ट में अर्जी डालकर सीबीआई जांच की मांग की जाएगी। एसओ धर्मप्रकाश ने बताया कि अब घटना की जांच सीओ पुरवा अशोक सिंह करेंगे। उन्होंने बताया कि आरोपी को रिमांड पर लेने के लिए कोर्ट में अर्जी दी गई है। जल्द ही उसे रिमांड पर लेकर अधूरी कहानी को सुलझा लिया जाएगा।