पुरवा। सीएचसी में लगी सेलेक्ट्रा मशीन में 15 दिन पहले अचानक तकनीकी खराब आ गई थी। इससे जांच बंद हो गई थी। मशीन की मरम्मत न होने से मरीजों की किडनी, लीवर और लिपिड प्रोफाइल (खून में कोलेस्ट्रॉल की जांच) नहीं हो पा रही है। शनिवार को 15 मरीजों को मायूस होकर लौटना पड़ा।
नगर स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में इस समय रोजाना औसतन 300 मरीज पहुंच रहे हैं। इसमें 75 से अधिक पेट संबंधित बीमारियों से पीड़ित और गर्भवती महिलाएं होती हैं। ऐसे मरीजों को डॉक्टर केएफटी (किडनी फंक्शन टेस्ट ) और एलएफटी (लीवर फंक्शन टेस्ट ) की जांच लिख रहे हैं, लेकिन 15 दिन पहले सीएचसी में लगी सेलेक्ट्रा मशीन में तकनीकी खराबी आ गई थी। इससे जांच बंद हो गई। मरम्मत न होने से मरीजों को निजी पैथोलाजी में जांच करानी पड़ रही है। शनिवार को जांच के लिए पहुंची गर्भवती महिलाओं और 25 मरीजों को मायूस होकर लौटना पड़ा। स्वास्थ्य कर्मियों ने उन्हें अगले दिन आकर देखने की बात कही।
क्या बोले प्रभारी
सीएचसी प्रभारी डॉ. दिनेश कुमार ने बताया कि इंजीनियर को सूचना दे दी गई। प्रयास किया जा रहा है। जल्द ही मशीन की मरम्मत के बाद संचालन शुरू हो जाएगा।