निर्वाचन कार्यालय के निर्माण के दौरान एक वकील के चुटहिल हो जाने से साथी अधिवक्ता आक्रोश में आ गए। सभी ने इसे नियम विरुद्ध बताते हुए प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। मौके पर पहुंचे बार पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि प्रशासन द्वारा पूर्व में कराए गए निर्माण स्थल के चिह्नांकन और वर्तमान में हुए चिह्नांकन में फर्क है।
कचहरी स्थित पुराना पुलिस मालखाना के पास निर्वाचन कार्यालय का निर्माण कराया जा रहा है। मंगलवार को इसकी जद में आ रहे कुछ अवैध निर्माणों को जेसीबी से गिराया जा रहा था। तभी यहां पर मौजूद अधिवक्ता राजेश कुमार के पैर में टीनशेड गिर गया और उसके पैर में गंभीर चोट आ गई। यह सूचना देखते ही देखते पूरी कचहरी में आग की तरह फैल गई और मौके पर बार पदाधिकारियों के अलावा सैकड़ों की संख्या में अधिवक्ता पहुंच गए। सभी ने मिलकर निर्माण कार्य का जमकर विरोध किया और इसे रोकने की मांग की। पूर्व बार अध्यक्ष सतीश शुक्ला ने बताया कि प्रशासन ने पहले जो चिह्नांकन कराया था उससे वकीलों का कोई नुकसान नहीं हो रहा था, लेकिन प्रशासन की ओर से कराए गए चिह्नांकन में कई वकीलों के बस्ते टूट रहे हैं इससे वकीलों का अहित हो रहा है। बार अध्यक्ष ज्ञान प्रकाश सिंह व महामंत्री दीप नरायन त्रिवेदी ने कहा कि इस बारे में जिला प्रशासन से बात की गई है। आश्वासन मिला है कि इस निर्माण कार्य में ध्यान रखा जाएगा कि किसी भी अधिवक्ता का नुकसान न हो सके।