सफीपुर। ग्रामीणों की मदद से हाथ लगा हिस्ट्रीशीटर बजरंगी पुलिस को चकमा देकर चलती जीप से कूदकर भाग निकला, जबकि उसके दो भाइयों को असलहों व मादक पदार्थ के साथ पुलिस ने गिरफ्तार किया है। शातिर बदमाश को पकड़कर थाने ले जाने से गुस्साए ग्रामीणों ने पुलिस टीम पर पथराव कर दिया।
ग्रामीणों का कहना था कि वह बजरंगी व उसके भाइयों की दबंगई से परेशान हैं और सजा भी वहीं लोग देंगे। पुलिस के समझाने पर ग्रामीण शांत हुए। होली के बीच शनिवार को जिलाबदर से लेकर एक दर्जन वारदातों को अंजाम देने वाला बजरंगी पुत्र उमाशंकर निवासी ग्राम अतहा गांव के ही देशराज से शनिवार सुबह भिड़ गया। दोनों पक्षों में कहासुनी के बाद मारपीट शुरू हो गई।
बजरंगी के साथ उसका भाई मुन्ना व तोगनाथ भी थे। मारपीट होती देख ग्रामीणों की भीड़ इकट्ठा हो गई और बजरंगी के साथ ही मुन्ना व तोगनाथ को घेरकर पीटना शुरू कर दिया। इस दौरान मौके पर पहुंची पुलिस ने बजरंगी व उसके दोनों भाइयों को हिरासत में लिया और जीप में बैठाकर थाने ले जाने लगी। इससे झल्लाएं ग्रामीणों ने पुलिस पर पथराव कर दिया।
रास्ते में बजरंगी, पुलिस को चकमा देकर जीप से कूद कर फरार हो गया। उसके भाई मुन्ना व तोगनाथ को पुलिस ने एक देसी रायफल, बंदूक, तमंचा, आधा किलो गांजा व डेढ़ दर्जन कारतूस के साथ गिरफ्तार कर लिया। बजंरगी पर तीन हत्याओं के साथ लूट, जानलेवा हमला, गैंगेस्टर जैसी वारदातों को अंजाम देने के आरोप में जनपद के विभिन्न थानों में मुकदमा दर्ज हैं।
बजरंगी दस वर्ष की कैद के बाद हाईकोर्ट से बेल पर बाहर है। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक अरुण कुमार के मुताबिक बजरंगी के साथ ही उसके दोनों भाइयों पर भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। टीम में परियर चौकी प्रभारी ज्ञानेंद्र पांडेय व एसआई विनोद यादव आदि शामिल थे।