उन्नाव। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद भी परीक्षा न दिलाए जाने से नाराज प्रशिक्षुओं ने गुरुवार को डीएम कार्यालय का घेराव किया। यहां समस्याओं से संबंधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को देने के बाद बीएसए कार्यालय भी पहुंचे।
प्रशिक्षुओं का कहना था कि छह माह का प्रशिक्षण सात माह से चल रहा है। प्रशिक्षुओं ने क्रियात्मक प्रशिक्षण पूरा करने के बाद सैद्धांतिक प्रशिक्षण के लिए जिले की विभिन्न बीआरसी पर 21 मई 2015 को ज्वाइन किया। 22 मई को प्रशिक्षण बिना किसी तार्किक कारण के रोक दिया गया। प्रदर्शन करने पर 28 मई से फिर प्रशिक्षण शुरू हुआ। शासन से पता किया गया तो जानकारी हुई कि प्रशिक्षण रोकने की शासन से कोई अनुमति नहीं ली गई। इतना ही नहीं प्रशिक्षुओं का छह माह का मानदेय भी काटा गया। अब जब सैद्धांतिक व क्रियात्मक प्रशिक्षण पूरा हो चुका है तब 24 व 25 अगस्त को होनी वाली परीक्षा से हम लोगों को विभागीय लापरवाही के कारण वंचित रखा जा रहा है।
विभाग कह रहा है कि हमारा प्रशिक्षण पूरा नहीं है जबकि 21 मई से 20 अगस्त तक तीन माह की अवधि पूरी हो चुकी है। प्रशिक्षुओं ने सिटी मजिस्ट्रेट से समस्या का निस्तारण करने एवं जांच कराकर दोषियों पर कार्रवाई करने की मांग की है। इस दौरान प्रशिक्षुओं में सारिका उमराव, शैलेंद्र कुमार शुक्ल, राजकुमार, विष्णु कांत, अमित श्रीवास्तव, नेहा, नेहा श्रीवास्तव, विरूची आदि रहे।
वहीं, बीईओ मुख्यालय राजेश सिंह ने बताया कि प्रशिक्षुओं का जो मांग पत्र आया था वह डायट प्राचार्य व एससीआरटी को भेज दिया गया है। जो भी निर्णय वहां से आएगा वही मान्य होगा।