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मछलियां पकड़ने को नहर पानी बांधा

Tue, 12 Jan 2016 12:40 AM IST
अमर उजाला, उन्नाव
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नहर का पानी रोककर खुलेआम मछली का शिकार किया जा रहा है। पानी रोकने से आसपास गांवों में सिंचाई का संकट गहरा गया है। पीड़ित किसानों ने बताया कि शिकायतों के बाद भी मत्स्य विभाग के कानों में भी जूं नहीं रेंग रही है। बताया कि नहर में पानी बंद करने से जानवरों को पीने के पानी की दिक्कत हो रही है।
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बता दें कि गंगाघाट थानाक्षेत्र के अंतर्गत गांव हाजीपुर के पास से गंगा से निकलने वाली भदनी नहर जाती है। कुछ लोगों ने इस नहर को दोनों ओर से जेसीबी से खुदाई कर मिट्टी डाली और पानी बांध दिया और जनरेटर की मदद से पानी निकाला जा रहा है। मछली कारोबारी नहर का पानी घटने के बाद मछलियों का शिकार कर रहे हैं। इससे भदनी नहर के क्षेत्र में आने वाले गावों में बसधना, हाजीपुर, अतरी, गढ़ी, अगेहरा, परमनी व नगवां सहित दर्जन भर गांव के किसानों को खेतों में खड़ी गेहूं की फसल की सिंचाई करने के लिए भीषण दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। इसके अलावा जानवरों को पीने का पानी भी नसीब नहीं हो रहा है। किसानों ने बताया कि यह नहर गंगा से निकलने के बाद माखी थानाक्षेत्र के कई गांवों से  होते हुए हसनगंज व मियांगज तक जाती है। हालांकि मछली ठेकेदारों का कहना है कि उन्होंने मत्स्य विभाग से ठेका लिया है। इस बारे में जिला मत्स्य अधिकारी डीएस बघेल को फोन मिलाया गया लेकिन, उनका फोन रिसीव नहीं हुआ।

सवा दो लाख सालाना का है ठेका
मछलियों कारोबारी उन्नाव के अजय कुमार का कहना है कि उसने इस काम के लिए मत्स्य विभाग से एक साल का 2.25 लाख का ठेका लिया हुआ है। कहा कि वह जिस प्रकार से मछलियां पकड़वा रहा है इसकी परमीशन उसने विभाग से ले रखी है।
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नहर का पानी रोकना कानूनन जुर्म है। यदि किसी नहर के पानी को रोककर मछलियों का शिकार किया जा रहा है तो यह पूर्णतया अवैध है। इसकी जांच करवाई जाएगी और सही पाए जाने पर संबंधित व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। जसजीत कौर, उप जिलाधिकारी, सदर-उन्नाव।
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