संवाद न्यूज एजेंसी
उन्नाव। अकरमपुर स्थित बीयर फैक्टरी के बाहर खड़े कंटेनर के केबिन में अचानक आग लग गई। हादसे के वक्त चालक केबिन में सो रहा था, धुआं भरने से और लपटों में घिरने से उसकी मौत हो गई। पुलिस का कहना है कि मच्छर भगाने के लिए अगरबत्ती जलाकर सोने और उसी से आग लगने पर धुएं में दम घुटने का अनुमान है।
प्रतापगढ़ जिले के सांगीपुर क्षेत्र के साहबरी निवासी लालता प्रसाद (45) एसजीसी लाजिस्टिक लिमिटेड दिल्ली का कंटेनर चलाता था। जबकि क्लीनर के रूप में छोटा भाई संतलाल साथ चलता था। बुधवार रात वह भाई के साथ सदर कोतवाली के अकरमपुर स्थित बीयर फैक्टरी में माल लोड करने आया था। उसका नंबर देर में होने से चालक लालता प्रसाद कंटेनर फैक्टरी गेट के बाहर खड़ाकर, ट्रक के केबिन में मच्छरदानी लगाकर सो गया। रात करीब 12 बजे उसका भाई कंटेनर से उतरकर कुछ समान लेने दुकान चला गया। इसी बीच केबिन से तेज धुआं और लपटें निकलीं।
भाई ने शोर मचाया तो फैक्टरी के लोगों ने पानी डालकर आग बुझाई। लालता बेहोश मिला और उसका शरीर भी झुलसा था। सूचना पर पुलिस उसे जिला अस्पताल पहुंचाया जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। भाई संतलाल ने बताया कि गाजीपुर से बीयर खाली कर यहां लोड करने आया था। कंटेनर के केबिन का कुछ हिस्सा भी जला हुआ है। भाई शार्ट-सर्किट से हादसा होने की आशंका जताई है। कोतवाल पीके मिश्रा ने बताया कि मच्छर से बचाव के लिए अगरबत्ती भी लगी थी। उसी से आग या दम घुटने से मौत का अंदेशा है।