उन्नाव। डीएपी लेने के लिए सोमवार को केंद्र खुलने से पहले ही किसानों की भीड़ जुट गई। गेट का ताला खुलता, उससे पहले ही किसानों में खाद लेने के लिए धक्का-मुक्की व विवाद होने लगा। यह देख केंद्र प्रभारी ने थाना पुलिस बुला ली। एक केंद्र पर तो पुलिस के न पहुंचने से ताला नहीं खोला गया। वहीं, जहां पर पुलिस पहुंची, वहां पर वितरण तो शुरू हुआ लेकिन मौके पर विवाद की स्थिति बनी रही। इस पर कुछ ही बोरियां वितरित करके प्रभारी ने केंद्र बंद कर दिया। किसानों को मायूस होकर लौटना पड़ा। (संवाद)
केंद्र-1
विवाद देख नहीं खोला केंद्र, मांगी पुलिस
हसनगंज। हरौनी शमसुद्दीनपुर समिति पर सोमवार को सैकड़ों किसान डीएपी लेने पहुंच गए। केंद्र खुलता इससे पहले ही किसानों में धक्का-मुक्की होने लगी। यह देख समिति सचिव अंकुल यादव ने केंद्र न खोलकर कोतवाली पुलिस को प्रार्थनापत्र देकर दो सिपाहियों की ड्यूटी लगवाने की मांग की। सचिव ने बताया कि भीड़ अधिक होने से किसान विवाद करने लगे थे। इसलिए केंद्र नहीं खोला। केंद्र पर 300 बोरी डीएपी का स्टॉक है। मंगलवार को दो सिपाहियों को भेजने की बात कही गई है। पुलिस आने पर ही वितरण किया जाएगा। (संवाद)
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केंद्र-2
पुलिस पहुंचने के बाद भी नहीं थमा हंगामा, बंद किया खाद वितरण
सोनिक। सोमवार को नवाबगंज क्षेत्र के बिचपरी में केंद्र के खुलने से पहले ही सैकड़ों किसान पहुंच गए। यहां भी लाइन में लगे किसानों के बीच धक्का-मुक्की होती रही। किसान हंगामा भी करते रहे। केंद्र प्रभारी ने अजगैन कोतवाली पुलिस को सूचना दी तो सिपाही मौके पर पहुंचे। भीड़ अधिक होने से करीब 500 किसानों को तो खाद दे दी गई लेकिन हंगामा न थमने पर खाद का वितरण बंद कर दिया गया। यहां भी अब मंगलवार को वितरण की बात कहकर किसानों का वापस कर दिया गया। (संवाद)
केंद्र-3
होमगार्डों से किसानों की नोकझोंक, 60 बोरी ही बंट सकी खाद
बीघापुर। विकासखंड क्षेत्र के बीघापुर पीसीएफ केंद्र व समिति में खाद होने के बाद भी सोमवार को पूरे दिन वितरण नहीं हुआ। गोदाम में 500 बोरी रखी रहीं लेकिन किसानों की भारी भीड़, धक्का-मुक्की और नारेबाजी के चलते केवल 60 बोरी ही बांटी गईं। किसानों के उग्र होने पर दो होमगार्ड पहुंचे लेकिन धक्का-मुक्की बंद नहीं हुई। इसके बाद प्रभारी अहिवरन लाल गोदाम बंद करके निकल गए। पुलिस भी वितरण नहीं करा सकी। किसान कृष्ण कुमार यादव, विष्णु कुमार, राजकुमार व देवी प्रसाद आदि ने बताया कि सुबह खाद लेने पहुंच गए थे लेकिन कुछ किसानों को वितरण करने के बाद प्रभारी गोदाम बंद करके रफूचक्कर हो गए। किसानों की होमगार्ड से नोकझोंक भी हुई। समिति के अध्यक्ष निर्भय सिंह लाला ने बताया कि सचिव के आने पर एक-दो दिन में खाद का वितरण किया जाएगा। (संवाद)
केंद्र-4
घंटों लाइन में लगने के बाद मिली एक या दो बोरी खाद
चकलवंशी। प्यारेपुर की सहकारी समिति का भवन भदेवना के गंगादीनखेड़ा में बना है। केंद्र को 300 बोरी डीएपी मिली है। सोमवार को खाद मिलने की उम्मीद में सैकडों किसान केंद्र पर पहुंच गए। पहले जिन किसानों के खाते संचालित हैं, उन्हें खाद दी गई। लगभग 200 किसानों ने आधार कार्ड जमा किए। हालांकि घंटों लाइन में लगने के बाद किसानों को मात्र एक से दो बोरी ही खाद दी गई। किसानों में अनुज, रामखेलावन, जवाहर, रामधीन आदि ने बताया कि एक से दो बोरी ही डीएपी दी जा रही है। जबकि प्रति बीघा में एक बोरी डीएपी का प्रयोग किया जाता है। बड़ी जोत वालों को तो निजी दुकानों का सहारा लेना पड़ा। (संवाद)
जिला कृषि अधिकारी ने किया निरीक्षण, दो निजी दुकानों के लाइसेंस निलंबित
उन्नाव। जिला कृषि अधिकारी शशांक चौधरी ने हसनगंज तहसील के फौजी खाद भंडार, जय बालाजी खाद भंडार औरास, गुप्ता बीज भंडार सिंधुर औरास, आईएफएफडीसी केंद्र भावाखेड़ा, साधन सहकारी समिति कोरारीकला माखी, साधन सहकारी समिति परसेहरा औरास एवं अन्य बीज एवं खाद दुकानों का निरीक्षण किया। फौजी व जय बालाजी खाद भंडार में अभिलेखों का रखरखाव और रेट बोर्ड पर कीमत न दर्शाने पर दोनों दुकानों का लाइसेंस निलंबित कर दिया। (संवाद)