माखी थानाक्षेत्र के हरीगढ़ी गांव निवासी सूर्यभान (50) पुत्र रामबालक बाइक से अपने साढ़ू ठाकुर प्रसाद के अंतिम संस्कार में शामिल होने हरदोई जिले के काजीपुर गांव जा रहे थे। साथ में विरमपुर गांव के पूर्व प्रधान दशरथ (36) पुत्र राजाराम भी थे। महमूदपुर मोड़ के पास सामने से आ रहे एक तेज रफ्तार डंपर ने बाइक में टक्कर मार दी। हादसे में सूर्यभान की मौके पर मौत हो गई जबकि दशरथ गंभीर रूप से घायल हो गए। घटनास्थल पर मौजूद लोगों ने 108 एंबुलेंस को फोन मिलाया। फोन रिसीव करने के आधा घंटा तक जब एंबुलेंस नहीं पहुंची तो गुस्साए लोगों ने चकलवंशी-संडीला मार्ग पर जाम लगा दिया। डंपर छोड़कर भाग रहे चालक को लोगों ने पकड़ लिया। इस बीच सूचना पर एसओ रंधा सिंह पुलिस बल के साथ घटना स्थल पर पहुंचे और चालक को हिरासत में ले लिया। जाम की सूचना पर हसनगंज एसडीएम कृपाशंकर यादव मौके पर पहुंचे और जाम लगाए लोगों को समझाने का प्रयास किया। लेकिन मामला नहीं बना। बाद में उन्होंने मृतक के परिजनों को दुर्घटना किसान बीमा व पारिवारिक लाभ दिलाए जाने का आश्वासन दिया। तब जाकर मामला शांत हुआ। एसओ रंधा सिंह ने बताया कि चालक के खिलाफ मुकदमा लिखा गया है। दूसरे घायल का इलाज ट्रामा सेंटर लखनऊ में चल रहा है।
शव को नहीं उठाने दे रही थी पत्नी
मृतक सूर्यभान की मौत पर पत्नी पत्नी रामदर्शनी व छोटे बेटे धनन्जय (10) का रो-रो कर बुरा हाल था। बड़ा बेटा शिवकांत बाहर नौकरी करता है। पत्नी रामदर्शनी उसके न आने तक शव न उठाने की बात कहती रही। बाद में पुलिस ने समझाकर उसे घटनास्थल से उठाया। बाद में शव उठाया जा सका।
प्रसूता को लेकर जा रही एंबुलेंस जाम में फंसी
मार्ग दुर्घटना के बाद लगे जाम में 102 एंबुलेंस फंस गई। सलेमपुर निवासी गोपाल सिंह की पत्नी गुड़िया की डिलीवरी सीएचसी मियागंज में हुई थी। एंबुलेंस उसे गांव छोड़ने जा रही थी। इस दौरान एंबुलेंस जाम में फंस गई। पुलिस ने एंबुलेंस फंसी देख दूसरे रास्ते से उसे निकाला।