पुरवा। महिला द्वारा गांव के कुछ लोगों पर नशे में गाली देने का विरोध करने पर पति को मारकर तालाब में फेंकने की शिकायत पर पुलिस घंटों चकरघिन्नी बनी रही। जेसीबी व गोताखोरों को बुलाकर तालाब में खोज कराई। घंटों मशक्कत के बाद भी पति का कहीं पता नहीं चला तो महिला से पूछताछ की। महिला के सही जवाब न देने पर घर में ही तलाश की तो पति भूसे की कोठरी में मिला। इस पर पुलिस ने राहत की सांस ली।
धन्नीपुर निवासी शांति देवी ने पुलिस को दिए गए शिकायतीपत्र में बताया कि सोमवार रात उसका पति ददेनी घर के बाहर लेटा था। तभी गांव के मुकेश, अवधेश व रामकिशोर दरवाजे पर आए और गालीगलौज करने लगे। विरोध करने पर लाठी-डंडों से पीट दिया। बचाने पहुंचे देवर शिवराज के सिर पर कुल्हाड़ी से हमला कर दिया। देवर को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। इसी बीच तालाब की ओर बैल खदेड़ने गए पति वापस नहीं लौटे। आरोप लगाया कि गांव के तीन लोगों ने पति को मारकर तालाब में फेंक दिया। यह सुनकर कोतवाल अजय त्रिपाठी के होश उड़ गए। वह रात में ही जेसीबी लेकर तालाब पर पहुंचे और खोजबीन शुरू की। रात अधिक होने से खोजबीन बंद कर दी। सुबह फिर गोताखोरों को बुलाया। काफी देर तक तालाब में कुछ नहीं मिला तो पुलिस को महिला पर ही संदेह हुआ। पूछताछ में महिला के जानकारी पर घर में खोजबीन की तो भूसे की कोठरी से सकुशल खोज निकाला। महिला की तहरीर पर तीनों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। शिवराज के सिर में चोट होने से हैलट कानपुर में उपचार चल रहा है। पति घर के अंदर भूसे की कोठरी में मिला।