दहीचौकी स्थित सीईटीपी में पानी के नमूने लेती केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम।
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उन्नाव। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के अधिकारियों ने दहीचौकी व बंथर स्थित कॉमन इंफुलेंट ट्रीटमेंट प्लांट (सीईटीपी) का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान टेनरियों से आ रहे प्रदूषित व शोधन के बाद बाहर निकाले जा रहे पानी की जांच की। यही नहीं सीईटीपी पर रुककर तीन-तीन घंटे के अंतर में जांच के लिए पानी का नमूना भरा। इसके बाद लिए गए पानी के नमूने को जांच के लिए लखनऊ प्रयोगशाला भेजा।
सीपीसीबी की टीम सर्वेश राय के नेतृत्व में गुरुवार सुबह 9 बजे दहीचौकी स्थित सीईटीपी परिसर पहुंची। यहां सीईटीपी प्रबंधतंत्र से टेनरियों से आ रहे पानी की मात्रा की जानकारी ली। इसके अलावा शोधित कर निकाले जा रहे पानी की गुणवत्ता देखी। इसके बाद पानी की सैंपलिंग शुरू की। टीम ने कंपोजिट सैंपलिंग के आधार पर सुबह 10 बजे पहला नमूना लिया। इसके बाद दूसरा नमूना दोपहर 1 बजे व तीसरा नमूना शाम 4 बजे भरा। दही चौकी से नमूना लेने के बाद टीम बंथर सीईटीपी पहुंची। यहां भी तीन बार पानी का नमूना लिया गया। सीपीसीबी के अधिकारियों ने सीईटीपी के इनलेट व आउटलेट से पानी का नमूना लिया है।
सर्वेश राय ने बताया कि पानी के नमूने को लखनऊ स्थित लैब में जांच के लिए भेजा जा रहा है। जांच में यह पता चल सकेगा कि सीईटीपी में पहुंच रहे पानी व शोधन के बाद बाहर निकाले जा रहे पानी की गुणवत्ता कैसी है। उन्होंने बताया कि टेनरियों द्वारा डंप किए गए पानी की भी जानकारी ली गई है। पानी को कितने दिन में ट्रीट किया गया और उसकी मात्रा क्या थी, इस पर सवाल पूछा। इसकी रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी।