पुरवा। लखनऊ-कानपुर हाईवे पर लखनऊ के बंथरा थाना क्षेत्र में मंगलवार को हुए सड़क हादसे में युवक व उसकी रिश्ते की दादी समेत तीन की मौत से परिवार में मातम पसरा है। पोस्टमार्टम के बाद शव गांव पहुंचते ही कोहराम मच गया। मृतक अमन दो माह पहले दुबई से लौटा था। मंगलवार को वह पड़ोस में रहने वाली रिश्ते की दादी व उसकी नातिन को लेकर बंथरा स्थित मंदिर जा रहा था।
पुरवा कोतवाली क्षेत्र के मिर्रीकला गांव निवासी 22 वर्षीय अमन पिता रामबाबू के साथ दुबई में रहकर एक लांड्री में काम करता था। दो माह पहले वह घर आया था। मंगलवार को वह पड़ोस में रहने वाली रिश्ते की दादी प्रेमा (62) पत्नी गंगासागर, उसकी नातिन 18 वर्षीय सोनाली को लेकर बंथरा स्थित रामेश्वर मंदिर दर्शन कर लौट रहे थे।
इसी दौरान क्षतिग्रस्त ट्रक लेकर आ रही क्रेन ने तीनों को रौंद दिया था। बुधवार को पोस्टमार्टम के बाद लखनऊ से शव घर पहुंचे तो चीख-पुकार मच गई। अमन का शव देख मां गुढ़ाना कांप गई। तीन भाई-बहनों में अमन सबसे बड़ा था। छोटे भाई शिवम व बहन सेजल का रोकर बुरा हाल रहा। क्षेत्रीय लेखपाल सोनी देवी मौके पर पहुंची और परिवार को कृषक दुर्घटना बीमा के तहत आर्थिक मदद का भरोसा दिया।
मां की मौत पर विदेश से लौटा
ओमान के सलाला शहर में नौकरी कर रहा प्रेमा का बेटा राजन फ्लाइट से बुधवार सुबह घर पहुंचा। उसके घर पहुंचते ही परिवार के लोग उसके लिपटकर बिलख पड़े। पति गंगासागर व छोटा बेटा नितिन दो दिन पहले ही ओमान के सलाला शहर नौकरी करने गए थे। प्रेमा की मौत की खबर मिलते ही वह घर के लिए निकल चुके हैं। सोनाली सदर कोतवाली के हुसैनगर में रहती है। उसकी मौत पर मां रेशमा व पिता विमलेश का रोकर बुरा हाल रहा। सोनाली एक वर्ष से अपने ननिहाल में रह रही थी। प्रेमा के पति व बेटे के घर आने पर परिजनों ने सोनाली व प्रेमा का अंतिम संस्कार करने की बात कही है।
अमन की मौत पर बिलखती मां गुढ़ाना (पीले शॉल में)।- फोटो : UNNAO