एसपी कार्यालय में हंगामा कर रहे लोगों को शांत कराते मोहान विधायक ब्रजेश रावत
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उन्नाव। गल्ला व्यापारी को लहूलुहान कर एक लाख की लूट का राजफाश करने वाली अजगैन पुलिस पर आरोपियाें के परिजनों ने फर्जी खुलासे का आरोप लगाकर एसपी दफ्तर में हंगामा किया। सरकार विरोधी नारे लगने पर वहां मौजूद मोहान विधायक ने परिजनों को ढांढस बंधाकर जांच कराने का आश्वासन दिया। पुलिस कार्यशैली पर नाराज विधायक ने सरकार की छवि खराब करने में अजगैन और सोहरामऊ थाने को अव्वल बताया है। उन्होंने चुनावी रंजिश में फर्जी मामले में निर्दोषों को फंसाने का आरोप भी लगाया। एसपी ने जांच कराकर कार्रवाई का भरोसा दिया है।
अजगैन कोतवाली क्षेत्र के जलालपुर गांव निवासी गल्ला व्यापारी ने गांव के छोटू, गुड्डू, दिनेश व जगदीशपुर गांव निवासी सोनू पर 18 जनवरी को मारपीट कर एक लाख रुपये लूटने का आरोप लगाया था। पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लूटी गई रकम में 65 हजार की नगदी बरामद करने का दावा कर रविवार को सभी आरोपियों को जेल भेजा था। पुलिस के खुलासे को फर्जी बता आरोपियों के परिजन सोमवार को एसपी दफ्तर पहुंचे और हंगामा कर सरकार विरोधी नारे लगाए।
नारेबाजी सुन सोहरामऊ के एक मामले में एसपी आनंद कुलकर्णी से मिलने पहुंचे विधायक ब्रजेश रावत उनके कार्यालय कक्ष से बाहर आए। विधायक ने कहा कि जेल भेजे गए आरोपियों में एक के पिता प्रधान पद के प्रबल दावेदार हैं। दूसरे पक्ष के लोगों को यह रास नहीं आ रहा था। इस पर उसने अजगैन पुलिस के साथ षड़यंत्र रच उनके बेटे समेत सहयोगियों को लूट में फंसाकर जेल भेज दिया। एसपी आनंद कुलकर्णी ने बताया कि शिकायत मिली है। सच सामने लाने के लिए जांच कमेटी गठित की गई है। जांच रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
रावत बोले, विधानसभा में उठाएंगे मुद्दा
विधायक ब्रजेश रावत ने कहा कि अजगैन और सोहरामऊ थाना पुलिस लगातार गड़बड़ी कर रही है। मामले को विधानसभा में उठाएंगे। आरोप लगाया कि लूट की घटना में अजगैन पुलिस की गढ़ी कहानी की फोन रिकार्डिंग मौजूद है। मुकदमे से बाहर निकालने का झांसा देकर उससे 80 हजार रुपये लेकर उन्हीं को जेल भेज दिया।